1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sun, 01 Feb 2026 10:21:06 AM IST
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Bihar road project : केंद्र सरकार ने बिहार की राजधानी पटना के लिए एक बेहद अहम सड़क परियोजना को हरी झंडी दे दी है। राष्ट्रीय राजमार्ग-22 (NH-22) के तहत पुनपुन के पास से लेकर एनएच-31 दीदारगंज तक सड़क के विस्तारीकरण और चौड़ीकरण को मंजूरी मिल गई है। इस परियोजना के पूरा होने के बाद पटना शहर और उसके आसपास के इलाकों में यातायात व्यवस्था को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात के बाद सांसद रविशंकर प्रसाद ने इस परियोजना को लेकर आधिकारिक पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि यह सड़क पटना में रिंग रोड की तरह काम करेगी, जिससे शहर के भीतर और बाहरी इलाकों में ट्रैफिक का दबाव काफी हद तक कम हो जाएगा। खासकर उन लोगों को राहत मिलेगी, जिन्हें रोजमर्रा के सफर में जाम से जूझना पड़ता है।
मुख्यमंत्री की पहल से मिली केंद्र की मंजूरी
इस सड़क परियोजना का प्रस्ताव ‘प्रगति यात्रा’ के दौरान सांसद रविशंकर प्रसाद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सामने रखा था। मुख्यमंत्री ने इसे पटना के भविष्य के लिए बेहद जरूरी मानते हुए संबंधित विभाग को राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के माध्यम से केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया था। अब केंद्र से मंजूरी मिलने के बाद इस परियोजना के जल्द ही धरातल पर उतरने की संभावना जताई जा रही है।
वैकल्पिक कॉरिडोर बनेगा नया मार्ग
परियोजना के तहत एनएच-22 पुनपुन के पास से एसएच-01 होते हुए एनएच-31 दीदारगंज तक सीधा संपर्क स्थापित करेगा। यह सड़क गौरीचक से जुड़ते हुए पटना के लिए एक मजबूत वैकल्पिक कॉरिडोर के रूप में विकसित होगी। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि लोगों को शहर के भीतर प्रवेश किए बिना ही एक छोर से दूसरे छोर तक जाने का विकल्प मिलेगा। इससे अशोक राजपथ, बाइपास और अन्य मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक का दबाव काफी कम होगा।
इंडस्ट्रियल एरिया और गंगा पथ से कनेक्टिविटी
सड़क के चौड़ीकरण और उन्नयन से फतुहा इंडस्ट्रियल एरिया से बख्तियारपुर, दीदारगंज होते हुए गया की ओर आवागमन और भी आसान हो जाएगा। दीदारगंज के पास यह मार्ग 26 किलोमीटर लंबे गंगा पथ से भी जुड़ेगा। गंगा पथ से कनेक्ट होने के बाद पटना शहर के लाखों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। रोजाना ऑफिस, व्यापार और अन्य कामों के लिए सफर करने वालों का समय बचेगा और ईंधन की खपत भी कम होगी।
गांवों और उत्तर बिहार के लिए बड़ी राहत
इस परियोजना से सिर्फ पटना शहर ही नहीं, बल्कि आसपास के ग्रामीण इलाकों को भी सीधा फायदा मिलेगा। कंडाप, लंका कछुआरा, गोपालपुर, गौरीचक, फतेहपुर, संपतचक, माधवपुर और पुनपुन जैसे गांवों में फिलहाल भारी ट्रैफिक जाम एक आम समस्या है। नई सड़क बनने के बाद इन इलाकों में यातायात सुचारु होगा और स्थानीय लोगों को राहत मिलेगी।
इसके अलावा पटना शहर के बाहर से एनएच-22 और एनएच-31 के जरिए राजेंद्र सेतु होते हुए उत्तर बिहार, भागलपुर और पश्चिम बंगाल की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए सफर ज्यादा सुगम हो जाएगा। कुल मिलाकर यह परियोजना पटना की ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ-साथ आर्थिक और औद्योगिक गतिविधियों को भी गति देने में अहम भूमिका निभाएगी।