ब्रेकिंग
बिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरलकैबिनेट की बैठक में 17 एजेंडों पर लगी मुहर, हर घर तिरंगा अभियान में 6.12 करोड़ रुपये खर्च करेगी बिहार सरकारबिहार में बनेगा वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, खिलाड़ियों को मिलेगा आधुनिक प्रशिक्षण; सम्राट कैबिनेट का बड़ा फैसलाराजस्व कर्मचारियों को सरकार की लास्ट वार्निंग: 24 घंटे के भीतर योगदान नहीं दिया तो एक्शन तय, ट्रांसफर के बावजूद नहीं कर रहे ज्वाइनगृह मंत्री अमित शाह की चेयरमैनशिप वाली 'परिषद' में डिप्टी सीएम के साथ एक मंत्री को बनाया गया सदस्य, CM सम्राट ने की नियुक्ति बिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरलकैबिनेट की बैठक में 17 एजेंडों पर लगी मुहर, हर घर तिरंगा अभियान में 6.12 करोड़ रुपये खर्च करेगी बिहार सरकारबिहार में बनेगा वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, खिलाड़ियों को मिलेगा आधुनिक प्रशिक्षण; सम्राट कैबिनेट का बड़ा फैसलाराजस्व कर्मचारियों को सरकार की लास्ट वार्निंग: 24 घंटे के भीतर योगदान नहीं दिया तो एक्शन तय, ट्रांसफर के बावजूद नहीं कर रहे ज्वाइनगृह मंत्री अमित शाह की चेयरमैनशिप वाली 'परिषद' में डिप्टी सीएम के साथ एक मंत्री को बनाया गया सदस्य, CM सम्राट ने की नियुक्ति

Patna News: पटना के इन घाटों पर छठ व्रतियों के अर्घ्य देने पर रोक, जानिए आखिर क्या है वजह?

Patna News: बिहार की राजधानी पटना में इस बार 13 घाटों पर छठ व्रती अर्घ्य नहीं दे पाएंगे। गंगा नदी में बढ़े जलस्तर, कटाव और सुरक्षा कारणों को देखते हुए जिला प्रशासन ने इन घाटों को खतरनाक और अनुपयुक्त घोषित कर दिया है।

Patna News
पटना न्यूज
© Google
PRIYA DWIVEDI
3 मिनट

Patna News: बिहार की राजधानी पटना में इस बार 13 घाटों पर छठ व्रती अर्घ्य नहीं दे पाएंगे। गंगा नदी में बढ़े जलस्तर, कटाव और सुरक्षा कारणों को देखते हुए जिला प्रशासन ने इन घाटों को खतरनाक और अनुपयुक्त घोषित कर दिया है। प्रशासन ने सुरक्षा की दृष्टि से इन घाटों को लाल कपड़े से घेरकर चेतावनी संकेत लगाए हैं।


पटना जिला प्रशासन द्वारा खतरनाक श्रेणी में रखे गए घाटों में कंटाही घाट, राजापुर पुल घाट, पहलवान घाट, बांस घाट, बुद्धा घाट और नया पंचमुखी चौराहा घाट शामिल हैं। वहीं अनुपयुक्त श्रेणी में रखे गए घाट हैं टीएन बनर्जी घाट, मिश्री घाट, जजेज घाट, अदालत घाट, बुंदेल टोली घाट, अदरख घाट और गुलबी घाट। प्रशासन ने व्रतियों से अपील की है कि वे इन घाटों की जगह सुरक्षित घाटों या वैकल्पिक स्थलों पर जाकर अर्घ्य दें।


पटना जिले में गंगा नदी और उसकी सहायक नदियों के 550 घाटों पर छठ व्रतियों द्वारा अर्घ्य दिया जाएगा। इसके अलावा शहर के पार्कों और तालाबों को भी पूजा स्थलों के रूप में तैयार किया जा रहा है।पटना नगर निगम क्षेत्र में 200 से अधिक स्थानों पर छठ व्रतियों के लिए व्यवस्था की गई है, जिनमें 102 गंगा घाट, 45 पार्क और 63 तालाब शामिल हैं।


व्रतियों की सुविधा के लिए पटना नगर निगम ने 400 अस्थायी चेंजिंग रूम और 552 अस्थायी शौचालय बनाए हैं। 171 वॉच टावरों के जरिए सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी की जाएगी। श्रद्धालुओं के लिए 450 अस्थायी यूरिनल, 50 पानी के टैंकर और 37 चापाकल लगाए गए हैं। इसके अलावा 13 यात्री शेड, 112 नियंत्रण कक्ष और 13 सहायक नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किए गए हैं।


पटना के डीएम डॉ. एसएम त्यागराजन ने बताया कि भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा के लिए सभी तैयारियां अंतिम चरण में हैं। आपदा प्रबंधन की मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के तहत किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए एनडीआरएफ की 9 टीमें (277 सदस्य), एसडीआरएफ की 9 टीमें (36 सदस्य), 444 गोताखोर, 323 नाव/नाविक, और सिविल डिफेंस के 149 वॉलंटियर्स तैनात किए जाएंगे।

इसके साथ ही रिवर पेट्रोलिंग और नदी तटों पर चौबीसों घंटे निगरानी की जाएगी ताकि श्रद्धालु सुरक्षित रूप से महापर्व छठ पूजा का निर्वहन कर सकें।