1st Bihar Published by: First Bihar Updated Tue, 20 Jan 2026 07:33:26 PM IST
पटना में कितने रजिस्टर्ड गर्ल्स हॉस्टल? - फ़ोटो social media
PATNA: पटना में NEET छात्रा की संदिग्ध मौत मामले की जांच में एसआईटी लगी हुई है। वही मामला सामने आने के बाद बिहार राज्य महिला आयोग ने पटना के जिलाधिकारी डॉ. त्यागराजन एस.एम. को पत्र लिखकर जिले में चल रहे गर्ल्स हॉस्टल की सूची उपलब्ध कराने की मांग की है।
20 जनवरी 2026 को पत्रांक संख्या 191 जारी कर महिला आयोग ने पटना डीएम से कहा कि आपके जिले में कितने गर्ल्स हॉस्टल संचालित हैं। उनमे से कितने हॉस्टल निबंधित है और कितने रजिस्टर्ड नहीं है। छात्राओं को हॉस्टल में रखने के लिए नियमानुसार सभी सुरक्षात्मक विधि व्यवस्था की क्या-क्या सुविधा उपलब्ध है। पटना में संचालित छात्राओं की सभी छात्रावास की सूची आयोग कार्यालय को आवश्यकता है। महिला आयोग की अध्यक्ष अप्सरा ने पटना डीएम से जिले में छात्राओं के लिए संचालित सभी छात्रावास की लिस्ट यह पत्र मिलने के एक सप्ताह के भीतर उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
बता दें कि जहानाबाद की छात्रा जो पटना के चित्रगुप्त नगर थाना क्षेत्र स्थित शंभू गर्ल्स हॉस्टल में रहकर मेडिकल की पढ़ाई कर रही थी, जिसकी बीते दिनों संदिग्ध मौत हो गयी थी। परिजनों का आरोप है कि रेप के बाद हत्या की गयी है। मामले को लेकर पटना में खूब बवाल हुआ जिसके बाद मामले इसकी जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया। पुलिस की टीम इस पूरे मामले की जांच कर रही है।
इसी दौरान महिला आयोग ने इस मामले पर स्वत: संज्ञान लिया। अब महिला आयोग की अध्यक्ष अप्सरा कल 21 जनवरी दिन बुधवार को मृतका के परिजनों से मिलने जहानाबाद जाएंगी। बिहार राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष प्रो.अप्सरा ने पटना के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) को चिट्ठी भेजी है। आयोग की अध्यक्ष ने दोषियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की मांग की साथ ही जांच रिपोर्ट महिला आयोग को सौंपने को कहा। उन्होंने कहा कि इस मामले पर महिला आयोग ने स्वत: संज्ञान लिया। जिसके बाद इस मामले में हॉस्टल संचालक को गिरफ्तार किया गया। वही मामले की जांच के लिए एसआईटी का भी गठन किया गया। अब बुधवार को महिला आयोग की टीम मृतका के परिजनों से मिलने जहानाबाद जाएंगी। उन्होंने कहा कि मामले में जो भी गुनाहगार होंगे उन्हें दंडित किया जाएगा।
फिलहाल सभी की निगाहें SIT और FSL की रिपोर्ट पर टिकी हैं। जांच एजेंसियों का कहना है कि जैसे-जैसे रिपोर्ट सामने आएगी, तस्वीर साफ होती जाएगी। प्रशासन का दावा है कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पटना NEET छात्रा मौत मामला अब केवल एक आपराधिक घटना नहीं रह गया है, बल्कि यह छात्राओं की सुरक्षा, हॉस्टल व्यवस्था और स्वास्थ्य संस्थानों की जवाबदेही पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर रहा है। आने वाले कुछ दिन इस मामले में बेहद अहम माने जा रहे हैं, जब जांच रिपोर्ट के आधार पर सच्चाई सामने आएगी और आगे की कार्रवाई तय होगी।
