1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mar 13, 2026, 11:04:30 AM
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Bihar LPG crisis : ईरान-इजराइल जंग के असर से बिहार में गैस संकट गहराता जा रहा है। राज्य में रसोई और कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की कमी का आज चौथा दिन है। कॉमर्शियल सिलेंडर की बुकिंग फिलहाल बंद होने से होटल, ढाबा और रेस्टोरेंट कारोबारियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। कई जगहों पर लोग गैस सिलेंडर पाने के लिए सुबह-सुबह लंबी कतारों में खड़े दिखाई दे रहे हैं। इसी बीच पूर्वी चंपारण के मोतिहारी से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने गैस संकट की गंभीरता को और उजागर कर दिया है।
लाइन में पहले लगने को लेकर हुआ विवाद
मोतिहारी में गैस एजेंसी के बाहर सिलेंडर लेने के लिए लगी लंबी लाइन के बीच दो लोगों के बीच अचानक विवाद हो गया। बताया जा रहा है कि दोनों व्यक्ति लाइन में पहले लगने को लेकर बहस करने लगे। देखते ही देखते बहस इतनी बढ़ गई कि मामला हाथापाई तक पहुंच गया। दोनों के बीच जमकर धक्का-मुक्की और मारपीट हुई, जिससे मौके पर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह से ही एजेंसी के बाहर बड़ी संख्या में लोग सिलेंडर के इंतजार में खड़े थे। कई लोग देर रात से ही लाइन लगाकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान एक व्यक्ति के लाइन तोड़कर आगे आने की कोशिश करने पर दूसरे व्यक्ति ने विरोध किया। इसके बाद दोनों के बीच कहासुनी शुरू हुई और देखते ही देखते मामला मारपीट तक पहुंच गया।
लोगों ने बीच-बचाव कर शांत कराया मामला
घटना के दौरान वहां मौजूद अन्य लोगों ने तुरंत हस्तक्षेप कर दोनों को अलग किया। काफी देर तक समझाने-बुझाने के बाद स्थिति सामान्य हो सकी। हालांकि इस घटना के बाद वहां मौजूद लोगों में काफी नाराजगी देखी गई। कई लोगों का कहना था कि गैस की कमी की वजह से लोगों को घंटों लाइन में खड़ा रहना पड़ रहा है, जिससे तनाव और विवाद की स्थिति बन रही है।
गैस संकट का असर पूरे बिहार में
सिर्फ मोतिहारी ही नहीं, बल्कि बिहार के कई जिलों में गैस संकट की वजह से इसी तरह की परेशानियां सामने आ रही हैं। दरभंगा में सुबह 6 बजे से ही गैस एजेंसी के बाहर लगभग 500 मीटर लंबी लाइन लग गई। लोग अपने-अपने सिलेंडर के साथ एजेंसी के बाहर घंटों खड़े रहकर अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। अररिया में भी स्थिति लगभग यही है। यहां भी लोग गैस सिलेंडर पाने के लिए कतारों में खड़े हैं। कई लोगों का कहना है कि उन्हें पिछले कई दिनों से सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है।
होटल और रेस्टोरेंट कारोबार पर असर
कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की बुकिंग बंद होने का सबसे ज्यादा असर होटल और रेस्टोरेंट व्यवसाय पर पड़ा है। कई होटल संचालकों का कहना है कि गैस नहीं मिलने की वजह से खाना बनाना मुश्किल हो गया है। कुछ जगहों पर होटल मालिकों को मजबूरन लकड़ी और कोयले का सहारा लेना पड़ रहा है।
पटना के बाजारों में लकड़ी और कोयले की मांग अचानक बढ़ गई है। दुकानदारों के अनुसार, पहले जहां लकड़ी की बिक्री बहुत कम होती थी, वहीं अब इसकी मांग कई गुना बढ़ गई है। जो लकड़ी पहले दिन में लगभग 10 किलो बिकती थी, अब प्रतिदिन करीब तीन क्विंटल तक खरीदी जा रही है।
प्रशासन की निगरानी बढ़ी
गैस संकट को देखते हुए प्रशासन भी स्थिति पर नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि गैस की सप्लाई सामान्य होते ही हालात जल्द सुधर जाएंगे। साथ ही एजेंसियों को निर्देश दिया गया है कि वितरण व्यवस्था को व्यवस्थित रखा जाए ताकि किसी प्रकार का विवाद या अव्यवस्था न हो।
फिलहाल गैस की कमी से आम लोगों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। मोतिहारी में सिलेंडर के लिए हुई मारपीट की घटना इस बात का संकेत है कि अगर जल्द सप्लाई सामान्य नहीं हुई, तो कई जगहों पर ऐसी स्थितियां और भी देखने को मिल सकती हैं।