ब्रेकिंग
बिहार को एक और अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन की सौगात, इस दिन झंडी दिखाएंगे रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव; जयपुर से दरभंगा की यात्रा होगी सुगमBihar Teacher Vacancy 2026 : गेस्ट फैकल्टी सिस्टम खत्म! प्रोफेसर बहाली में नया नियम, मैट्रिक से PhD तक के नंबर से बनेगी मेरिटBihar News: बिहार सरकारी कर्मचारियों को बड़ा तोहफा! रिटायरमेंट पर अब 300 दिन EL के बदले मिलेगा कैश, वित्त विभाग ने किया बड़ा ऐलानBihar News: रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव केस में नया अपडेट, 28 दिन तक चलेगी पुलिस पूछताछ; चार दोस्त हिरासत में Bihar weather: बिहार के 26 जिलों में तूफान-बारिश का खतरा, IMD ने 24 जून तक जारी किया अलर्टबिहार को एक और अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेन की सौगात, इस दिन झंडी दिखाएंगे रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव; जयपुर से दरभंगा की यात्रा होगी सुगमBihar Teacher Vacancy 2026 : गेस्ट फैकल्टी सिस्टम खत्म! प्रोफेसर बहाली में नया नियम, मैट्रिक से PhD तक के नंबर से बनेगी मेरिटBihar News: बिहार सरकारी कर्मचारियों को बड़ा तोहफा! रिटायरमेंट पर अब 300 दिन EL के बदले मिलेगा कैश, वित्त विभाग ने किया बड़ा ऐलानBihar News: रौशन आनंद के भाई प्रिंस यादव केस में नया अपडेट, 28 दिन तक चलेगी पुलिस पूछताछ; चार दोस्त हिरासत में Bihar weather: बिहार के 26 जिलों में तूफान-बारिश का खतरा, IMD ने 24 जून तक जारी किया अलर्ट

कोसी-गंडक मुद्दों पर भारत-नेपाल ने बनाया बड़ा प्लान, बाढ़ और अतिक्रमण पर मिलकर होगी कार्रवाई; बिहार को मिलेगी बड़ी राहत

Bihar News: कोसी और गंडक परियोजनाओं को लेकर भारत-नेपाल की बैठक में अहम सहमति बनी है. अब बाढ़ नियंत्रण और अतिक्रमण हटाने पर दोनों देश मिलकर कार्रवाई करेंगे. इससे बिहार को बाढ़ की त्रासदी से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है.

Bihar News
© Google
Mukesh Srivastava
2 मिनट

Bihar News: बिहार में कोसी और गंडक नदियों से हर साल होने वाली तबाही को लेकर भारत और नेपाल के बीच अहम मंथन हुआ। नेपाल की राजधानी काठमांडू में 30 अप्रैल से 1 मई तक गंडक परियोजनाओं की संयुक्त समिति की 11वीं बैठक आयोजित की गई, जिसमें दोनों देशों के बीच लंबे समय से लंबित तकनीकी और प्रशासनिक मुद्दों पर चर्चा कर सहमति बनाई गई।


बैठक में भारतीय पक्ष का नेतृत्व जल संसाधन विभाग, बिहार के प्रधान सचिव संतोष कुमार मल्ल ने किया, जबकि नेपाल की ओर से जलस्त्रोत एवं सिंचाई विभाग के महानिदेशक मित्र बराल शामिल हुए। इस दौरान पश्चिमी कोसी मुख्य नहर के नेपाल स्थित 35 किमी हिस्से, कोसी बराज, पूर्वी-पश्चिमी तटबंधों और वाल्मीकिनगर स्थित गंडक बराज क्षेत्र को अतिक्रमणमुक्त कराने पर सहमति बनी।


इसके अलावा पश्चिमी कोसी नहर के बांध पर लगे बिजली के खंभों को हटाने और कोसी परियोजना की लीज्ड भूमि का सीमांकन जीपीएस तकनीक के जरिए तय समय सीमा में पूरा करने पर भी सहमति बनी। कोसी वनटप्पू क्षेत्र में बाढ़ नियंत्रण कार्यों के लिए निर्माण सामग्री और वाहनों के 24 घंटे आवागमन की अनुमति देने पर भी निर्णय लिया गया।


बैठक में कोसी बराज पर वाहनों की गति सीमित करने और बाढ़ के दौरान स्थानीय लोगों द्वारा मछली पकड़ने या लकड़ी निकालने जैसी गतिविधियों से संचालन में आ रही बाधाओं को दूर करने का आश्वासन भी नेपाल की ओर से दिया गया।


साथ ही नेपाल क्षेत्र में स्थानीय निकायों द्वारा कोसी परियोजना से जुड़े वाहनों पर लगाए जा रहे कर को द्विपक्षीय समझौते के विरुद्ध मानते हुए इसे समाप्त करने पर भी सहमति बनी। जलजमाव की समस्या के समाधान के लिए संयुक्त निरीक्षण करने का निर्णय लिया गया। इस बैठक को बिहार में बाढ़ प्रबंधन और जल संसाधन से जुड़े मुद्दों के समाधान की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता