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BIHAR NEWS : DCLR साहेब पर DM की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, एक साल में महज इतने मामलों का ही हो सका निपटारा

PATNA : बिहार में एक तरफ सरकार भूमि सर्वे कराए जाने की बात कह रही है। इसको लेकर लगातार बैठक भी किए जा रहे हैं। इसके साथ ही कई दफे इसमें बदलाव और तमाम तरह की बातें कही जा रही है। इस

BIHAR NEWS : DCLR साहेब पर DM की रिपोर्ट में बड़ा खुलासा, एक साल में महज इतने मामलों का ही हो सका निपटारा
Tejpratap
Tejpratap
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PATNA : बिहार में एक तरफ सरकार भूमि सर्वे कराए जाने की बात कह रही है। इसको लेकर लगातार बैठक भी किए जा रहे हैं। इसके साथ ही कई दफे इसमें बदलाव और तमाम तरह की बातें कही जा रही है। इस बीच अब खबर यह है कि सूबे के अंदर DCLR एक साल के दौरान दाखिल खारिज के 50 % मामले का भी निपटारा नहीं कर पा रहे हैं। 


दरअसल, पिछले पिछले 1 साल में जिले में 12 हजार से अधिक भूमि के दाखिल खारिज के मामले की DCLR  कोर्ट में अपील की गई थी। ये मामले अलग-अलग अंचलों में अंचलाधिकारियों के यहां से आदेश पारित किया गया है। अंचल अधिकारियों के आदेश का लोगों ने डीसीएलआर कोर्ट में चुनौती दी थी, लेकिन कुल मामलों का 50% भी DCLR कोर्ट में निपटारा नहीं किया गया।


लिहाजा अभी भी जिले में 6000 से अधिक मामले डीसीएलआर कोर्ट में निलंबित पड़े हैं। इसमें सबसे अधिक मामले मसौढ़ी में निलंबित हैं। यहां लगभग 2081 मामले निलंबित हैं। इधर, इस पूरे मामले की सच्चाई उस समय सामने आई जब पटना डीएम के निर्देश पर डीडीसी की अध्यक्षता में गठित समिति ने  जांच - पड़ताल किया। इसमें सबसे अधिक पालीगंज डीसीएलआर कोर्ट में मामला लंबित है। 


पिछले 1 साल में जिले के अलग-अलग अंचलों से निरस्त 12280 दाखिल खारिज के मामले डीसीएलआर कोर्ट में अपील की गई। इसमें 6041 मामले को ही DCLR कोर्ट से निपटाए गए। इसमें से 5366 ऐसे मामले थे जो 30 दिन के अंदर अपील किए गए थे। घर तालाब हो कि अभी भी 6239 में अमृत निलंबित पड़े हुए हैं जो मैं निलंबित हैं उसमें अप्रैल और मैं 2023 में अपील किया गया थे एक साल में अपील किए गए मामलों का निपटारा डर 49.19% है। डीसीएलआर कोर्ट में प्रति माह औसतन तीन सौ नए मामले दाखिल किए जा रहे हैं।