ब्रेकिंग
नेपाल में भारी बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा मंडराया, उफान पर महानंदा और कोसी; इंजीनियरों की छुट्टियां रद्दबिहार में सनसनीखेज वारदात: इंजीनियरिंग के छात्र ने प्रेमिका के भाई की ले ली जान, हत्या की साजिश में AI का इस्तेमालपटना में गंगा स्नान के दौरान दर्दनाक हादसा, तीन बच्चों की डूबने से मौतअगर अपराधी सरेंडर करता है, तो क्या उसे गोली मार दी जाएगी? भरत तिवारी एनकाउंटर पर घमासान के बीच नीतीश कुमार का पुराना बयान वायरलBihar News: बिहार में मकान बनाने वालों के लिए बड़ी खबर! नए नियम लागू, कमरा-रसोई से लेकर शौचालय तक बदल गए मानकनेपाल में भारी बारिश से बिहार में बाढ़ का खतरा मंडराया, उफान पर महानंदा और कोसी; इंजीनियरों की छुट्टियां रद्दबिहार में सनसनीखेज वारदात: इंजीनियरिंग के छात्र ने प्रेमिका के भाई की ले ली जान, हत्या की साजिश में AI का इस्तेमालपटना में गंगा स्नान के दौरान दर्दनाक हादसा, तीन बच्चों की डूबने से मौतअगर अपराधी सरेंडर करता है, तो क्या उसे गोली मार दी जाएगी? भरत तिवारी एनकाउंटर पर घमासान के बीच नीतीश कुमार का पुराना बयान वायरलBihar News: बिहार में मकान बनाने वालों के लिए बड़ी खबर! नए नियम लागू, कमरा-रसोई से लेकर शौचालय तक बदल गए मानक

बुद्ध पूर्णिमा के दिन आज लग रहा सदी का पहला चंद्रग्रहण, चंद्रग्रहण की अवधि करीब 3 घंटे 8 मिनट

PATNA: आज बुद्ध पूर्णिमा है और आज के दिन सदी का पहला चंद्रग्रहण लगने वाला है। जिसकी अवधि करीब 3 घंटे 8 मिनट होगी। साल का पहला चंद्रग्रहण दोपहर 3 बजकर 15 से शुरू होगा जो संध्या 6 बज

बुद्ध पूर्णिमा के दिन आज लग रहा सदी का पहला चंद्रग्रहण, चंद्रग्रहण की अवधि  करीब 3 घंटे 8 मिनट
Jitendra Vidyarthi
2 मिनट

PATNA: आज बुद्ध पूर्णिमा है और आज के दिन सदी का पहला चंद्रग्रहण लगने वाला है। जिसकी अवधि करीब 3 घंटे 8 मिनट होगी। साल का पहला चंद्रग्रहण दोपहर 3 बजकर 15 से शुरू होगा जो संध्या 6 बजकर 23 मिनट पर खत्म होगा। वही ग्रहण का मध्य काल शाम 04:49 बजे होगा। साल के प्रथम चंद्रग्रहण की अवधि को करीबन 03 .08 मिनट का रहेगा। चंद्रग्रहण का सूतक नौ घंटे पहले ही शुरू हो जाता है।



वैशाख शुक्ल पूर्णिमा को अनुराधा नक्षत्र तथा वृश्चिक में इस साल का पहला चंद्रग्रहण लग रहा है। यह चंद्रग्रहण उपछाया चंद्रग्रहण होगा। इस पूर्णिमा को बुद्ध पूर्णिमा भी कहा वर्ष जाता है। स्नान-दान की यह पूर्णिमा सर्वार्थ अमृत सिद्धि योग में मनायी जाएगी। ज्योतिषशास्त्र में ग्रहण को अशुभ माना जाता है। यह चंद्रग्रहण उपछाया होने के कारण इसका सूतककाल मान्य नहीं होगा। भारतीय ज्योतिष विज्ञान परिषद के सदस्य ज्योतिषाचार्य राकेश झा ने पंचागों के हवाले से बताया कि यह चंद्रग्रहण भारत के पूर्वी क्षितिज पर दिखेगा। ग्रहण काल में परिस्थितियां ऐसी बनेगी कि जिस समय ग्रहण का स्पर्श और मध्य समय रहेगा उस समय भारतीय दृश्यकाश से चन्द्रमा दिखाई नहीं देगा।