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बिहार में शिक्षकों के तबादले पर शिक्षा मंत्री का बड़ा बयान, यूपी के टीचर के साथ नहीं होगा भेदभाव

शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि बिहार में शिक्षकों का स्थानांतरण पूरी तरह पारदर्शी होगा। यूपी के मूल निवासी शिक्षकों के साथ किसी भी तरह का भेदभाव नहीं किया जाएगा और तबादले नियमावली के अनुसार होंगे।

बिहार न्यूज
नियमावली के आधार पर ही होगा ट्रांसफर
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

PATNA: शिक्षकों के तबादले को लेकर बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ तौर पर कह दिया है कि राज्य के सरकारी स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों की स्थानांतरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी और नियमों के अनुरूप होगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षकों का तबादला केवल पोर्टल के माध्यम से और शिक्षक स्थानांतरण नियमावली के आधार पर किया जाएगा। किसी भी प्रकार की पैरवी या सिफारिश को स्वीकार नहीं किया जाएगा।


मंगलवार को जारी बयान में शिक्षा मंत्री ने कहा कि स्थानांतरण प्रक्रिया निष्पक्ष होगी और किसी भी शिक्षक को भेदभाव का आरोप लगाने का अवसर नहीं दिया जाएगा। शिक्षा विभाग पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने विशेष रूप से कहा कि उत्तर प्रदेश के मूल निवासी जो शिक्षक बिहार के सरकारी स्कूलों में कार्यरत हैं, उनके साथ किसी भी तरह का भेदभाव नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा, “यूपी के शिक्षक हमारे लिए पूजनीय हैं। वे हमारे बच्चों का भविष्य गढ़ रहे हैं। स्थानांतरण प्रक्रिया में उनके साथ किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं होने दिया जाएगा।”


शिक्षा मंत्री ने दोहराया कि सभी शिक्षकों का स्थानांतरण निर्धारित नियमों, तय मानकों और पोर्टल आधारित प्रक्रिया के अनुसार ही किया जाएगा। किसी की सिफारिश या व्यक्तिगत प्रभाव के आधार पर कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा। राज्य के सरकारी स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों के स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी होगी। शिक्षकों का तबादला पोर्टल के माध्यम से और शिक्षक स्थानांतरण नियमावली के आधार पर ही किया जाएगा। 


किसी की पैरवी नहीं सुनी जाएगी और किसी को भी भेदभाव का आरोप लगाने का मौका नहीं दिया जाएगा। शिक्षा विभाग स्थानांतरण प्रक्रिया को निष्पक्ष और नियमों के अनुरूप पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने यह भी कहा कि उत्तर प्रदेश के मूल निवासी जो शिक्षक बिहार के स्कूलों में पढ़ा रहे हैं, उनके साथ किसी भी तरह का भेदभाव नहीं किया जाएगा। यूपी के शिक्षक हमारे लिए पूजनीय हैं। वे हमारे बच्चों का भविष्य गढ़ रहे हैं। स्थानांतरण प्रक्रिया में हम उनके साथ किसी भी तरह का भेदभाव नहीं होने देंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्थानांतरण प्रक्रिया में किसी की सिफारिश या पैरवी के आधार पर निर्णय नहीं लिया जाएगा। सभी शिक्षकों का स्थानांतरण निर्धारित नियमों और तय प्रक्रिया के अनुसार ही होगा।

पटना से रजनीश की रिपोर्ट

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