Bihar News: बिहार में सड़क और पुल परियोजनाओं में लापरवाही अब बर्दाश्त नहीं होगी। पथ निर्माण मंत्री इंजीनियर कुमार शैलेंद्र ने विभाग के अंतर्गत बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड (बीआरपीएएनएल) की ओर से चलाई जा रही कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की समीक्षा की। इस बैठक में मौजूद अधिकारियों को मंत्री ने स्पष्ट कहा कि सभी परियोजनाओं का काम निर्धारित समय के भीतर पूरा किया जाय। निर्माण कार्यों में किसी भी स्तर पर किया जाने वाला समझौता बर्दाश्त से बाहर होगा।
बीआरपीएएनएल मुख्यालय में आयोजित इस बैठक में पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल, निगम के अध्यक्ष, प्रबंध निदेशक आदि अधिकारियों की प्रमुख उपस्थिति रही। अधिकारियों ने राज्य में उच्च स्तरीय पुलों, रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी), बाईपास आदि के निर्माण की प्रगति की विस्तृत जानकारी दी।
इसमें मुख्य रूप से ग्रीनफील्ड हाईवे, मुख्यमंत्री की प्रगति यात्रा और दूसरे जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर से संबंधित परियोजनाओं की भौतिक और वित्तीय प्रगति, निर्माण और उसकी गुणवत्ता, जमीन अधिग्रहण, वन विभाग की एनओसी, यूटिलिटी शिफ्टिंग, रेलवे से तालमेल, डिजाइन की मंजूरी आदि विषयों से मंत्री को अवगत कराया।
कुछ महत्वपूर्ण परियोजनाओं में सासाराम बाईपास (रोहतास), पूर्णिया में महानंदा नदी पर 1180 मीटर लंबा हाई-लेवल ब्रिज, सहरसा में कोसी नदी पर हाई-लेवल ब्रिज और अप्रोच रोड, सहरसा (बंगाली बाजार) आरओबी, राजगीर बुद्धिस्ट सर्किट (सलेमपुर-राजगीर) के लिए ग्रीनफील्ड फोर-लेन सड़क का निर्माण, हिलसा ईस्ट बाईपास, सोन नदी पर पांडुका पुल (बिहार-झारखंड कनेक्टिविटी), जनेश्वर मिश्र सेतु (बक्सर) एप्रोच रोड, मधुबनी आरओबी और रिंग रोड, छपरा डबल डेकर फ्लाईओवर, पटना, करबिगहिया फ्लाईओवर, अगुवानी घाट-सुल्तानगंज गंगा पुल, अगुवानी घाट विस्तार, मुंगेर बाईपास आदि परियोजनाओं की प्रगति पर विस्तृत चर्चा की गई। इस अवसर पर मंत्री ने संवेदनशील और अहम परियोजनाओं की अधिकारियों को व्यक्तिगत स्तर पर निगरानी करने के निर्देश दिए।



