Bihar Panchayat Election 2026 : पंचायत चुनाव से पहले नहीं होगा परिसीमन, पुराने वार्ड के आधार पर ही होगी वोटिंग

बिहार में पंचायत आम चुनाव 2026 से पहले चुनाव क्षेत्रों के परिसीमन को लेकर अफवाहों के बीच स्पष्ट जानकारी सामने आई है। राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस बार नए सिरे से वार्ड, पंचायत या निर्वाचन क्षेत्र में किसी प्रकार का बदलाव नहीं होगा।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Mon, 05 Jan 2026 09:39:20 AM IST

Bihar Panchayat Election 2026 : पंचायत चुनाव से पहले नहीं होगा परिसीमन, पुराने वार्ड के आधार पर ही होगी वोटिंग

- फ़ोटो

Bihar Panchayat Election 2026 : बिहार में पंचायत आम चुनाव 2026 से पहले चुनाव क्षेत्रों के परिसीमन को लेकर अफवाहों के बीच स्पष्ट जानकारी सामने आई है। राज्य सरकार ने यह स्पष्ट कर दिया है कि इस बार नए सिरे से वार्ड, पंचायत या चुनाव क्षेत्र में किसी प्रकार का बदलाव नहीं होगा। यानी, पुराने परिसीमन के आधार पर ही पंचायत चुनाव कराए जाएंगे, जिनमें ग्राम पंचायत, पंचायत समिति और जिला परिषद के विभिन्न पद शामिल हैं। इस साल लगभग 2.50 लाख पदों के लिए चुनाव प्रक्रिया पूरी होगी।


बिहार राज्य पंचायतीराज अधिनियम, 2006 के तहत परिसीमन एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। इसके जरिए पंचायतों के भौगोलिक और जनसंख्यागत क्षेत्रों को परिभाषित किया जाता है ताकि विकेन्द्रीकृत शासन की मूल भावना पूरी हो सके। आमतौर पर चुनाव क्षेत्रों का परिसीमन जनगणना के बाद किया जाता है। लेकिन भारत सहित बिहार में 2011 के बाद कोई नई जनगणना नहीं हुई है, इसलिए इस बार परिसीमन का कोई निर्णय नहीं लिया गया है। इसके बावजूद राज्य सरकार को पंचायतीराज संस्थाओं के वार्ड, पंचायत और निर्वाचन क्षेत्रों का पुनर्गठन या नवसृजन करने का अधिकार है।


राज्य निर्वाचन आयोग ने बताया कि पंचायत चुनाव से पहले सभी सीटों के आरक्षण रोस्टर का निर्धारण किया जाएगा। इस प्रक्रिया को जल्द ही शुरू किया जाएगा। आयोग सूत्रों के अनुसार, इसके लिए हर राजस्व ग्राम का वार्डवार आंकड़ा जिलों से मंगवाया जाएगा और इसे आयोग के डेटा बैंक के साथ मिलान किया जाएगा। इस डेटा में प्रत्येक ग्राम की जनसंख्या, वर्तमान पदों की संख्या और अन्य जानकारी शामिल होगी। इसके आधार पर आरक्षण रोस्टर तैयार किया जाएगा, ताकि चुनाव में सभी सामाजिक वर्गों के लिए उचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जा सके।


हालांकि, चुनाव से पहले विभिन्न प्रखंड मुख्यालयों में अफवाहें फैल रही थीं कि इस बार चुनाव क्षेत्रों का परिसीमन किया जाएगा और नए सिरे से वार्ड एवं पंचायत का गठन होगा। इसको लेकर राज्य निर्वाचन आयोग के कर्मचारियों से भी पूछताछ की जा रही थी। लेकिन अधिकारियों ने साफ किया कि यह जानकारी भ्रामक है और किसी तरह का परिसीमन नहीं होगा।


पंचायत चुनाव की प्रक्रिया इस बार सितंबर, अक्टूबर और नवंबर के विभिन्न चरणों में पूरी होने की संभावना है। राज्य निर्वाचन आयोग ने अफवाहों को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की योजना बनाई है। आयोग का उद्देश्य है कि जनता को सही जानकारी मिले और चुनाव प्रक्रिया पारदर्शी एवं निर्बाध रूप से संपन्न हो।


इस तरह, बिहार में पंचायत आम चुनाव 2026 के लिए पुराने परिसीमन के आधार पर चुनाव तैयारियां चल रही हैं। आरक्षण रोस्टर की तैयारी के साथ ही मतदान से जुड़ी सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को सुनिश्चित किया जा रहा है। राज्य निर्वाचन आयोग ने जनता से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और चुनाव से संबंधित सभी जानकारी केवल आधिकारिक सूत्रों से ही प्राप्त करें।