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Bihar News: आवारा कुत्तों से निपटने के लिए नीतीश सरकार ने कसी कमर, अब बिहार के हर जिले में होगा यह काम

Bihar News: आवारा कुत्तों के आतंक से मुक्त होगा बिहार, अब हर जिले में किया जाएगा यह काम। पंचायती राज विभाग ने जमीन चिन्हित करने के निर्देश दिए, 15वें राज्य वित्त आयोग की निधि से होगा खर्च..

Bihar News
प्रतीकात्मक
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Deepak Kumar
Deepak Kumar
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Bihar News: बिहार में स्ट्रीट डॉग्स की बढ़ती समस्या और डॉग बाइट के मामलों को देखते हुए पंचायती राज विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। विभाग के सचिव मनोज कुमार के निर्देश पर सभी जिलों की जिला परिषदों में कुत्ता आश्रय गृह बनाए जाएंगे। इसके लिए उप विकास आयुक्तों को एक सप्ताह में जमीन चिन्हित कर रिपोर्ट भेजने को कहा गया है। आश्रय गृह का निर्माण जिला पशुपालन पदाधिकारी के डिजाइन और प्राक्कलन के अनुसार होगा, जबकि खर्च 15वें राज्य वित्त आयोग की सामान्य निधि से वहन किया जाएगा।


ग्रामीण क्षेत्रों से पकड़े गए स्ट्रीट डॉग्स को भी इन आश्रय गृहों में ही रखा जाएगा। डॉग्स को रैबिज वैक्सीन और डिवार्मिंग दी जाएगी, जिसका प्रोटोकॉल पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग तय करेगा। स्ट्रीट डॉग्स के आतंक से लोगों को राहत देने के लिए हर जिला परिषद हेल्पलाइन नंबर जारी करेगी, जिसका व्यापक प्रचार किया जाएगा। फिलहाल राज्य स्तर पर कोई एकीकृत हेल्पलाइन नहीं है, लेकिन योजना लागू होने पर जिला स्तर पर नंबर उपलब्ध होंगे। शिकायत के लिए स्थानीय पंचायत सचिव या जिला पशुपालन कार्यालय से संपर्क करें।


नोडल पदाधिकारी, जिला स्तर पर जिला पंचायत राज पदाधिकारी, प्रखंड स्तर पर प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी और ग्राम पंचायत स्तर पर पंचायत सचिव इस कार्य के लिए जिम्मेदार होंगे। मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी अनुश्रवण करेंगे। यह योजना स्ट्रीट डॉग्स की जनसंख्या नियंत्रण, नसबंदी और वैक्सीनेशन को बढ़ावा देगी, जिससे डॉग बाइट के मामले कम होंगे।


यह पहल बिहार में स्ट्रीट डॉग्स की समस्या से निजात दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। योजना पूरी तरह लागू होने पर ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ेगी। हेल्पलाइन नंबर जारी होने पर संबंधित जिला वेबसाइट या पंचायत कार्यालय से जानकारी लें।