Mahila Rojgar Yojana Bihar : बिहार की महिलाओं के खाते में होली के बाद आएंगे 20-20 हजार रुपए, जानिए दूसरी क़िस्त लेने के क्या है नियम

बिहार सरकार की मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत महिलाओं को दूसरी किस्त में 20 हजार रुपए मिलेंगे। पात्र उद्यमियों का चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद राशि सीधे बैंक खाते में भेजी जाएगी।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Fri, 13 Feb 2026 08:11:43 AM IST

Mahila Rojgar Yojana Bihar : बिहार की महिलाओं के खाते में होली के बाद आएंगे 20-20 हजार रुपए, जानिए दूसरी क़िस्त लेने के क्या है नियम

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Mahila Rojgar Yojana Bihar : बिहार सरकार ने महिलाओं के लिए मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत दूसरी किस्त जारी करने की तैयारी पूरी कर ली है। योजना के तहत, जिन महिलाओं को नवंबर में पहली किस्त के रूप में 10-10 हजार रुपए मिल चुके हैं, उन्हें अब मार्च के अंतिम सप्ताह तक दूसरी किस्त के तहत 20 हजार रुपए सीधे उनके बैंक खाते में डीबीटी (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) के माध्यम से भेजे जाएंगे। हालांकि, इस राशि के साथ महिला उद्यमियों को स्वयं 5 हजार रुपए का योगदान करना होगा, ताकि कुल राशि से उनका रोजगार और व्यवसाय आगे बढ़ सके।


योजना में कुल चार किस्तों की व्यवस्था है। दूसरी किस्त 20 हजार रुपए की होगी। इसके बाद तीसरी किस्त में 40 हजार रुपए, जिसमें महिला को 10 हजार रुपए का योगदान देना होगा। चौथी और अंतिम किस्त 60 हजार रुपए की होगी, जिसमें महिला का हिस्सा 15 हजार रुपए रहेगा। योजना में हर चरण में महिला उद्यमी को कम से कम 25 प्रतिशत अपनी हिस्सेदारी जोड़नी अनिवार्य है। विभाग समय-समय पर निगरानी करेगा, ताकि उद्यम सही दिशा में आगे बढ़े।


चयन प्रक्रिया जारी

दूसरी किस्त जारी करने से पहले योग्य महिला उद्यमियों का चयन किया जाएगा। इसके लिए जीविका दीदी जिला कार्यालय को पात्र महिलाओं की सूची तैयार करनी होगी। अभी तक मुख्यालय को सूची भेजने की अंतिम तिथि स्पष्ट नहीं है। अधिकारियों का कहना है कि चयन प्रक्रिया पूरी तरह से जारी है और सूची जल्द ही भेज दी जाएगी।


किस्त जारी करने के लिए जरूरी मानक

दूसरी किस्त मिलने के लिए महिला उद्यमी को कुछ आवश्यक मानकों पर खरा उतरना होगा। इसमें उद्योग का फिजिकल वेरीफिकेशन, जीविका समूह से जुड़ना, समूह की बैठकों में नियमित उपस्थिति, और आमदनी-खर्च का सही हिसाब देना शामिल है। सभी मानक पूरे होने के बाद ही दूसरी किस्त उनके बैंक खाते में भेजी जाएगी। तीसरी और चौथी किस्त के लिए अलग मापदंड तय किए जाएंगे।


इस योजना के तहत महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से सशक्त होंगी, बल्कि अपने व्यवसाय को बढ़ाकर रोजगार के नए अवसर भी सृजित कर सकेंगी। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि योजना का हर लाभ महिला तक सही समय पर पहुंचे और महिला उद्यमिता को बढ़ावा मिले।