Bihar News: राजधानी पटना से नाबालिग छात्रा के अपहरण का मामला उस समय सामने आया जब एक ट्यूशन टीचर उसे बहला-फुसलाकर अपने साथ लेकर फरार हो गया और नेपाल भागने की कोशिश करने लगा। लेकिन पुलिस की तेजी और सतर्कता के कारण आरोपी की योजना सफल नहीं हो सकी और रक्सौल बॉर्डर पर उसे छात्रा के साथ गिरफ्तार कर लिया गया।
पूरा मामला पटना जिले के खुशरूपुर थाना क्षेत्र का है। 16 मई को एक नाबालिग छात्रा अपने घर से लापता हो गई थी। परिजनों ने बताया कि उनकी बेटी को घर पर ट्यूशन पढ़ाने आने वाला युवक अभिमन्यु कुमार अपने साथ लेकर चला गया। घटना के बाद परिवार ने काफी तलाश की, लेकिन छात्रा का कोई पता नहीं चल सका।
इसके बाद परिजनों ने खुशरूपुर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोपी अभिमन्यु कुमार के अलावा उसके पिता दिनेश राय, माता आशा देवी और भाई मनीष कुमार को भी नामजद किया गया। परिवार ने आरोप लगाया कि यह पूरी तरह से सुनियोजित तरीके से बच्ची को बहला-फुसलाकर ले जाने का मामला है।
मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और आरोपी की तलाश तेज कर दी। इसी दौरान पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि आरोपी छात्रा को लेकर नेपाल बॉर्डर की ओर भाग रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने तकनीकी निगरानी और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपी की लोकेशन ट्रेस की।
लोकेशन के आधार पर पटना पुलिस ने रक्सौल पुलिस के साथ मिलकर सीमा पर सघन जांच अभियान चलाया। इसी दौरान भारत-नेपाल सीमा के पास संदिग्ध स्थिति में एक युवक और उसके साथ एक नाबालिग लड़की को रोका गया। जांच करने पर पुष्टि हुई कि वही अपहृत छात्रा और आरोपी अभिमन्यु कुमार हैं।
पुलिस ने तुरंत दोनों को हिरासत में ले लिया और रक्सौल थाना ले जाया गया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी नेपाल भागकर अपनी पहचान छिपाने की कोशिश में था। बताया जा रहा है कि वह रक्सौल क्षेत्र के एक होटल में भी कुछ समय के लिए रुका था और उसके बाद सीमा पार करने की तैयारी में था।



