ब्रेकिंग
मंत्री दीपक प्रकाश बने MLC,प्रस्ताव पर राज्यपाल ने दी सहमति, उपेंद्र कुशवाहा बोले..यह तो होना ही थाबिहार में गंगा नदी में प्रदूषण पर NGT सख्त, गंदा पानी बहाने वाले शहरों से वसूला जाएगा जुर्मानाबिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरलकैबिनेट की बैठक में 17 एजेंडों पर लगी मुहर, हर घर तिरंगा अभियान में 6.12 करोड़ रुपये खर्च करेगी बिहार सरकारबिहार में बनेगा वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, खिलाड़ियों को मिलेगा आधुनिक प्रशिक्षण; सम्राट कैबिनेट का बड़ा फैसलामंत्री दीपक प्रकाश बने MLC,प्रस्ताव पर राज्यपाल ने दी सहमति, उपेंद्र कुशवाहा बोले..यह तो होना ही थाबिहार में गंगा नदी में प्रदूषण पर NGT सख्त, गंदा पानी बहाने वाले शहरों से वसूला जाएगा जुर्मानाबिहार में स्वास्थ्य व्यवस्था की खुली पोल: अस्पताल में इलाज के नाम पर टूटे पैर में बांध दिया कार्टन... VIDEO वायरलकैबिनेट की बैठक में 17 एजेंडों पर लगी मुहर, हर घर तिरंगा अभियान में 6.12 करोड़ रुपये खर्च करेगी बिहार सरकारबिहार में बनेगा वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, खिलाड़ियों को मिलेगा आधुनिक प्रशिक्षण; सम्राट कैबिनेट का बड़ा फैसला

बिहार: नदी में कूदकर एडवोकेट ने किया सुसाइड, शव के लिए पुलिस से भिड़े परिजन

MUZAFFARPUR: खबर बिहार के मुजफ्फरपुर जिलर की है, जहां एक एडवोकेट ने नदी ने कूदकर अपनी जान दे दी। जानकारी के मुताबिक़, अधिवक्ता ने अखाडाघाट पुल से बूढ़ी गंडक नदी में छलांग लगाकर अपनी

बिहार: नदी में कूदकर एडवोकेट ने किया सुसाइड, शव के लिए पुलिस से भिड़े परिजन
First Bihar
2 मिनट

MUZAFFARPUR: खबर बिहार के मुजफ्फरपुर जिलर की है, जहां एक एडवोकेट ने नदी ने कूदकर अपनी जान दे दी। जानकारी के मुताबिक़, अधिवक्ता ने अखाडाघाट पुल से बूढ़ी गंडक नदी में छलांग लगाकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। जैसे ही लोगों को घटना की जानकारी हुई, मौके पर लोगों की भीड़ जुटने लगी। इस दौरान इलाके में हड़कंप मच गया। 



वहीं, सूचना पाकर सिकंदरपुर ओपी की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी में खोजबीन शुरू की। लगभग दो घण्टे की खोजबीन के बाद नदी से शव बरामद किया गया। मृतक की पहचान सरैयागंज के रहने वाले 53 साल के एडवोकेट विद्युत शेखर शर्मा के रूप में की गई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी की, लेकिन परिजनों का गुस्सा फुट गया। 



मृतक के परिवारवाले मानने को तैयार नहीं हो रहे थे कि अब वे इस दुनिया में नहीं रहे। वे लगातार एक ही बात दोहरा रहे थे कि ये अभी जिंदा हैं। इलाज को ले जाएंगे। इसको लेकर पुलिस और परिजनों में झड़प भी हो गई। अंत में पुलिस ने शव को परिजनों को ही सौंप दिया। स्वजन इलाज कराने की बात बोलकर शव को अपने साथ ले गए। ओपीध्यक्ष हरेंद्र कुमार ने इस घटना को सुसाइड बताया है। फिलहाल आगे की जांच की जाएगी। 

टैग्स