मुंगेर SBI के सहायक प्रबंधक रहस्यमय ढंग से लापता, खगड़िया स्टेशन पर मिली बाइक

मुंगेर एसबीआई के सहायक प्रबंधक नवल किशोर कुमार 20 जनवरी को लोन रिकवरी के लिए निकले और रहस्यमय ढंग से लापता हो गए। उनकी बाइक खगड़िया स्टेशन पर मिली, पुलिस ने जांच शुरू की।

1st Bihar Published by: First Bihar Updated Wed, 21 Jan 2026 03:25:48 PM IST

bihar

जांच में जुटी पुलिस - फ़ोटो REPORTER

MUNGER: मुंगेर स्थित स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के मुख्य ब्राच में तैनात सहायक प्रबंधक नवल किशोर कुमार के रहस्यमय ढंग से लापता होने से हड़कंप मच गया है। नवल किशोर के अचानक गायब होने से न सिर्फ परिजन बल्कि बैंक प्रशासन भी हैरान हैं। मामला अब पुलिस जांच के दायरे में है।


बताया जाता है कि एसबीआई मुंगेर मुख्य शाखा में सहायक प्रबंधक के पद पर कार्यरत नवल किशोर कुमार 20 जनवरी 2026 को करीब 4 बजकर 25 मिनट पर लोन रिकवरी के काम से बैंक से निकले थे। वे अपनी सफेद रंग की बुलेट मोटरसाइकिल, जिसका रजिस्ट्रेशन नंबर बीआर-31 एबी-7858 है, उस बाइक से रवाना हुए थे। 


इसके बाद ना तो वे घर लौटे और न ही दोबारा बैंक पहुंचे। परिजनों और सहकर्मियों द्वारा उनके मोबाइल नंबर 8872531825 पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन लगातार बंद पाया गया। जब देर रात तक कोई जानकारी नहीं मिली, तो परिजनों की चिंता और बढ़ गई। खोजबीन के दौरान नवल किशोर की मोटरसाइकिल खगड़िया रेलवे स्टेशन के स्टैंड पर खड़ी मिली। इसकी पुष्टि उनके पिता रामा राय ने की है।


 बाइक मिलने के बाद मामले ने और भी गंभीर रूप ले लिया है। नवल किशोर के बहनोई मिथिलेश कुमार और ससुर लाल प्रसाद राय का कहना है कि नवल एक जिम्मेदार और अनुशासित व्यक्ति हैं। उनका किसी से कोई विवाद नहीं था। ऐसे में बिना किसी सूचना के उनका लापता होना बेहद असामान्य है। परिजनों ने किसी अनहोनी की आशंका जताई है। 


इस मामले को लेकर एसबीआई मुंगेर के मुख्य प्रबंधक की ओर से कोतवाली थाना, मुंगेर में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए आवेदन दिया गया है। पुलिस ने आवेदन के आधार पर जांच शुरू कर दी है और संबंधित थानों को अलर्ट कर दिया गया है। फिलहाल पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है। वहीं परिजनों ने आम लोगों से अपील की है कि यदि किसी को नवल किशोर कुमार के बारे में कोई भी जानकारी मिले तो नजदीकी थाना या दिए गए संपर्क नंबर 7829629628 पर तुरंत सूचना दें।

मुंगेर से मो. इम्तियाज की रिपोर्ट