Bihar Crime News: मधुबनी में जमीन की खरीद-बिक्री और कब्जे को लेकर भूमाफियाओं का नया हथकंडा सामने आया है. जयनगर थाना क्षेत्र में करोड़ों रुपये की जमीन बेचने से इनकार करने पर पूर्व दवा व्यवसायी से कथित तौर पर 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई. आरोप है कि रंगदारी की रकम नहीं देने पर भूमाफियाओं ने उनके मकान के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया. मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस ने कार्रवाई करते हुए तीन आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया.
मामला जयनगर बाजार में आर्य कुमार पुस्तकालय के समीप का बताया जा रहा है. यहां पूर्व दवा व्यवसायी प्रमोद अग्रवाल की जमीन को लेकर विवाद सामने आया है. आरोप है कि कुछ भूमाफिया उनकी करोड़ों रुपये की जमीन को बेचने का दबाव बना रहे थे. प्रमोद अग्रवाल ने जमीन बेचने से इनकार कर दिया तो उनसे 50 लाख रुपये की रंगदारी की मांग की गई.
आरोप है कि जब पूर्व दवा व्यवसायी ने रंगदारी देने से भी इनकार कर दिया तो आरोपितों ने उनके मकान के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया. घटना के बाद इलाके में इसकी चर्चा शुरू हो गई. मामले की जानकारी पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों तक पहुंची, जिसके बाद तत्काल कार्रवाई शुरू की गई.
सूचना मिलने के बाद ग्रामीण एसपी शिवम धाकड़ के नेतृत्व में जयनगर एसडीपीओ सदानंद कुमार और थानाध्यक्ष रमन कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. पुलिस ने मामले की जांच करते हुए तीन संदिग्ध आरोपितों को हिरासत में लिया.
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान राजनगर थाना क्षेत्र के कोइलख गांव निवासी रवि राम, लदनियां थाना क्षेत्र के पदमा निवासी उमाकांत यादव और जयनगर थाना क्षेत्र के बेलही गांव निवासी रंजन कुमार के रूप में हुई है.
पुलिस ने तीनों आरोपितों को हिरासत में लेकर पूछताछ की और मामले से जुड़े तथ्यों की जांच की. जांच के बाद तीनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया.
ग्रामीण एसपी शिवम धाकड़ ने पत्रकारों को पूरे मामले की जानकारी दी. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि जमीन विवाद में कथित तौर पर रंगदारी मांगने और मकान में ताला लगाने की घटना में अन्य लोगों की भी कोई भूमिका थी या नहीं.
जयनगर में जमीन विवाद से जुड़ा यह मामला सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर भूमाफियाओं की गतिविधियों को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है. पुलिस मामले में आगे की जांच कर रही है.
मधुबनी से कुमार गौरव की रिपोरर्ट





