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KISHANGANJ: भारत-बांग्लादेश बॉर्डर के BSF सैन्य छावनी के पास पकड़ा गया बांग्लादेशी जासूस, बोला..खुफिया एजेंसी का एजेंट हूं मैं

मोतिहारी के बॉर्डर इलाके से भारत में घुसते 2 महिला के साथ 4 चीनी नागरिक को दो दिन पहले पकड़ा गया था। अब किशनगंज से बांग्लादेशी जासूस को गिरफ्तार किया गया है। जो कभी कहता है कि वो 5 महीने से यहां है तो कभी कहता है कि 5 दिन पहले ही वो भारत में घुसा है।

bihar
BSF ने की कार्रवाई
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Jitendra Vidyarthi
4 मिनट

KISHANGANJ: भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव पिछले 4 दिन चल रहा है। पाकिस्तान के हमले के बाद हिन्दुस्तान लगातार जवाब दे रहा है। इन सबके बीच बॉर्डर इलाके में सेना के जवान अलर्ट मोड में हैं। हर आने जाने की तलाशी ली जा रही है। इसी क्रम में किशनगंज के इंडो-बांग्लादेश बॉर्डर के पास बीएसएफ के बागडोगरा सैन्य छावनी के पास से एक बांग्लादेशी जासूस को पकड़ा गया।  


बांग्लादेशी जासूस की पहचान अशरफुल आलम के रूप में हुई है। जिसने पूछताछ में बताया कि मैं बांग्लादेश के खुफिया एजेंसी का जासूस हूं। बांग्लादेशी जासूस के पास से इलेक्टॉनिक डिवाइस, आपत्तिजनक डॉक्यूमेंट्स बरामद किया गया है। जब उससे पूछताछ की गई तो उसने बताया कि वह बांग्लादेश से सीमा को पाकर कर 5 महीने पहले भारत आया था। सेना की खुफिया एजेंसियां ने उससे फिर पूछा कि क्या वो 5 महीने पहले भारत की सीमा में घुसा था तब इस बार वो अपना स्टेटमेंट बदल दिया कहने लगा कि वो 5 दिन पहले बांग्लादेश-भारत बॉर्डर से भारत में प्रवेश किया है। 


अशरफुल आलम अपना बयान बार-बार बदल रहा है। फिलहाल उसे बागडोगरा एयरपोर्ट के पास सिलिगुड़ी में रखा गया है। बांग्लादेशी जासूस को अब दिल्ली भेजने की कार्रवाई की जा रही है। उससे पहले उससे पूछताछ की जा रही है क्योंकि वो भारत में घुसकर सेंसिटिव इनफॉर्मेशन जुटा रहा था। उसे बीएसएफ के सैन्य छावनी के पास से पकड़ा गया है। उसने पूछताछ के दौरान यह भी कहा कि वह पहले भी काम की तलाश में सीमा पाकर करता था। नाविक उसे नदी पार कराया करते थे। 


इस बार फिर वो भारत में पहुंच गया लेकिन उसने किस सीमा से भारत के भीतर घुसा यह बताने से बांग्लादेशी जासूस ने इनकार कर दिया। उसने इतना जरूर बताया कि बांग्लादेश के प्राइवेट खुफिया एजेंसी मैनामाति के लिए वो काम करता था। इस बार वह पैदल ही बेंगडुबी आया था। उसकी बातें सुनकर अधिकारी भी हैरान रह गये। अब इस बात की सूचना बांग्लादेशी दूतावास को दी जाएगी। एजेंसियां यह पता लगा रही है कि गिरफ्तार बांग्लादेशी जासूस का नेटवर्क कितना बड़ा है.


बता दें कि बांग्लादेशी जासूस के पकड़े जाने से पहले 7 मई को मोतिहारी में भी 4 चीनी नागरिक को पकड़ा गया था। साथ ही 2 महिलाएं भी पकड़ी गयी है। कुल 6 लोगों को अवैध रूप से भारत में घुसते एसएसबी ने दबोचा था। ये लोग भी नेपाल से भारत में पैदल ही एंट्री कर रहे थे, सभी चाइनीज में बात कर रहे थे। एसएसबी के जवानों ने कार्रवाई करते हुए इन सबको धर दबोचा। इनके पास से बरामद पासपोर्ट और वीजा की जब जांच की गयी तब भारत में एंट्री का वीजा उनके पास नहीं मिला। जिसके बाद इन सभी को थाने ले जाया गया। अब किशनगंज में बॉर्डर से बांग्लादेशी जासूस को पकड़ा गया है। फिलहाल एसएसबी आगे की कार्रवाई में जुटी है।