Hindi News / bihar / kaimur-news / मोहनिया में गीता पासी का नामांकन वैध, राजद को झटका, डोमिसाइल विवाद में...

मोहनिया में गीता पासी का नामांकन वैध, राजद को झटका, डोमिसाइल विवाद में 2 प्रत्याशियों पर दो अलग-अलग फैसले

कैमूर जिले के मोहनिया सीट पर नामांकन जांच के दौरान बड़ा राजनीतिक उलटफेर हुआ। राजद प्रत्याशी श्वेता सुमन का नामांकन रद्द, जबकि जन सुराज की गीता पासी का नामांकन वैध घोषित हुआ। डोमिसाइल विवाद में दो अलग फैसले से सियासत तेज हो गयी है।

1st Bihar Published by: RANJAN Updated Oct 22, 2025, 4:41:38 PM

बिहार

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 - फ़ोटो REPORTER

KAIMUR:  कैमूर जिले के मोहनिया विधानसभा क्षेत्र में नामांकन जांच के दौरान बड़ा राजनीतिक मोड़ देखने को मिला है। जहां राजद प्रत्याशी श्वेता सुमन का नामांकन रद्द हो गया तो वही जन सुराज पार्टी की प्रत्याशी गीता देवी उर्फ गीता पासी का नामांकन वैध घोषित किया गया। दोनों प्रत्याशियों पर बिहार के डोमिसाइल नहीं होने का एक जैसा आरोप था, लेकिन जांच में दोनों मामलों के नतीजे अलग निकले।


जानकारी के मुताबिक, भाजपा समर्थित पक्ष ने रिटर्निंग ऑफिसर के पास दोनों प्रत्याशियों के खिलाफ आवेदन दिया था। आवेदन में आरोप लगाया गया था कि दोनों उम्मीदवार बिहार की नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश की रहने वाली हैं। इस शिकायत पर प्रशासन ने दोनों के दस्तावेजों की गहन जांच कराई। जांच के बाद राजद उम्मीदवार श्वेता सुमन के कागजात में विसंगति पाए जाने पर उनका नामांकन रद्द कर दिया गया। वहीं जन सुराज की प्रत्याशी गीता पासी के दस्तावेज पूरी तरह वैध पाया गया। जिसके बाद उनका नामांकन स्वीकार कर लिया गया।


नामांकन वैध होने के बाद गीता पासी ने कहा कि उनकी लोकप्रियता से घबराकर मोहनिया की मौजूदा विधायक संगीता कुमारी ने साजिश के तहत झूठी शिकायत दी थी। उन्होंने कहा कि संगीता कुमारी जनता के बीच मुकाबला करने की बजाय कागजों से लड़ाई जीतना चाहती हैं, लेकिन जनता सब जानती है और वह जवाब मतदान के दिन देगी।


गीता पासी ने यह भी कहा कि उनके सभी कागजात वैध पाए गए हैं और रिटर्निंग ऑफिसर ने जांच के बाद नामांकन को सही ठहराया है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जो अधिकारी जनता से कमीशन लेते हैं, उन्हें जनता अब जवाब देने को तैयार है।


इस घटनाक्रम के बाद मोहनिया विधानसभा क्षेत्र का राजनीतिक माहौल पूरी तरह गर्म हो गया है। राजद खेमे में मायूसी फैल गई है, जबकि जन सुराज कार्यकर्ताओं में उत्साह की लहर है। अब मोहनिया की चुनावी जंग और भी दिलचस्प होने वाली है क्योंकि समीकरण तेजी से बदलते दिखाई दे रहे हैं।