ब्रेकिंग
कोचिंग फायरिंग केस में खान सर को बड़ी राहत, कोर्ट ने गिरफ्तारी पर लगाई रोकआय से अधिक संपत्ति मामले में बड़ी कार्रवाई: समस्तीपुर के पूर्व सब-रजिस्ट्रार मणिरंजन सेवा से बर्खास्तगया के दुर्गाबाड़ी झाड़ू गोदाम में लगी भीषण आग, लाखों का नुकसान बिहार में नहीं चलेगी कोचिंग संस्थानों की मनमानी: निजी शिक्षण संस्थानों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी, छात्र हितों को लेकर मुख्यमंत्री सख्तमंत्री नीतीश मिश्रा ने ‘वैश्विक बिहारी डिजिटल प्लेटफॉर्म किया लॉन्च, दुनिया भर में फैले लाखों बिहारियों के बीच सेतु का करेगा कामकोचिंग फायरिंग केस में खान सर को बड़ी राहत, कोर्ट ने गिरफ्तारी पर लगाई रोकआय से अधिक संपत्ति मामले में बड़ी कार्रवाई: समस्तीपुर के पूर्व सब-रजिस्ट्रार मणिरंजन सेवा से बर्खास्तगया के दुर्गाबाड़ी झाड़ू गोदाम में लगी भीषण आग, लाखों का नुकसान बिहार में नहीं चलेगी कोचिंग संस्थानों की मनमानी: निजी शिक्षण संस्थानों के लिए नए दिशा-निर्देश जारी, छात्र हितों को लेकर मुख्यमंत्री सख्तमंत्री नीतीश मिश्रा ने ‘वैश्विक बिहारी डिजिटल प्लेटफॉर्म किया लॉन्च, दुनिया भर में फैले लाखों बिहारियों के बीच सेतु का करेगा काम

शराबबंदी की आड़ में वसूली का खेल बेनकाब: जमुई में दो ASI समेत 4 पुलिसकर्मी गिरफ्तार

जमुई में शराबबंदी कानून की आड़ में अवैध वसूली का बड़ा खुलासा हुआ है। उत्पाद विभाग के दो ASI और दो होमगार्ड जवानों को अपहरण और फिरौती मामले में गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने ₹1.5 लाख की राशि भी बरामद की है।

बिहार न्यूज
,फिरौती की रकम भी बरामद
© रिपोर्टर
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

JAMUI: बिहार में 10 साल से शराबबंदी लागू है। इस कानून की आड़ में कुछ पुलिसवाले गाढ़ी कमाई कर रहे हैं। पुलिस कर्मियों के अवैध वसूली के एक बड़े खेल का खुलासा जमुई में किया गया। इस मामले में उत्पाद विभाग के दो सहायक अवर निरीक्षक (ASI) और दो होमगार्ड जवान को गिरफ्तार किया गया है। इस मामले ने कानून व्यवस्था और शराबबंदी की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।


जानकारी के अनुसार, 23 अप्रैल की देर शाम पिंटू कुमार नामक व्यक्ति ने जमुई थाना में एक लिखित आवेदन देकर अपने बड़े भाई संतोष कुमार के अपहरण और फिरौती की मांग की सूचना दी। इस आधार पर थाना में कांड संख्या 193/2026 दर्ज किया गया। आवेदन में बताया गया कि संतोष कुमार दोपहर करीब 1 बजे अपनी क्रेटा कार से घर से निकले थे, लेकिन वापस नहीं लौटे।


शाम करीब 7:30 बजे संतोष कुमार ने अपने मोबाइल से फोन कर बताया कि उनका अपहरण कर लिया गया है और उन्हें छोड़ने के लिए ₹5 लाख की फिरौती मांगी जा रही है। इस सूचना के बाद घबराए परिजनों ने तुरंत पहल करते हुए ₹2 लाख की व्यवस्था की और नवादा की ओर रवाना हुए।


पीड़ित के परिजनों के अनुसार, नवादा पहुंचने पर पकरीबरावाँ उत्पाद थाना में उनसे संपर्क किया गया, जहां क्रेटा गाड़ी छोड़ने के एवज में ₹1.5 लाख की मांग की गई। मजबूरी में परिजनों ने उक्त राशि दे दी। बाद में मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच शुरू की। जांच के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि इस पूरे मामले में पकरीबरावाँ उत्पाद थाना के दो ASI सुजीत कुमार, ASI दिलीप कुमार, और दो गृह रक्षक रविंद्र कुमार,गृह रक्षक गुलशन कुमार शामिल थे। 


पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। साथ ही फिरौती के रूप में वसूले गए ₹1.5 लाख को एएसआई दिलीप कुमार के घर से बरामद कर लिया गया। अपहृत संतोष कुमार को सुरक्षित बरामद करते हुए उनकी क्रेटा कार भी पुलिस ने जब्त कर ली है।


इस घटना ने यह साफ कर दिया है कि शराबबंदी कानून की आड़ में कुछ अधिकारी अवैध वसूली का खेल खेल रहे हैं। फिलहाल पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी है और पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है। अब देखना यह है कि इस मामले में और कौन-कौन लोग शामिल पाए जाते हैं तथा प्रशासन कितनी सख्ती से कार्रवाई करता है।

जमुई से धीरज कुमार सिंह की रिपोर्ट

शराबबंदी की आड़ में वसूली का खेल बेनकाब: जमुई में दो ASI समेत 4 पुलिसकर्मी गिरफ्तार