1st Bihar Published by: First Bihar Updated Nov 23, 2025, 11:32:46 AM
सड़क हादसा में मौत - फ़ोटो GOOGLE
Road Accident: बिहार के दरभंगा जिले से एक दर्दनाक हादसा हुआ है, जहां रविवार की सुबह एनएच-27 पर दिल्ली मोड़ के समीप स्थित रेलवे ओवरब्रिज पर एक भीषण सड़क हादसा हुआ, जिसमें स्कॉर्पियो वाहन में सवार तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। हादसे के समय स्कॉर्पियो में कुल सात लोग सवार थे, जिनमें अधिकांश मधेपुरा जिले के निवासी बताए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, मधेपुरा के शंकरपुर थाना क्षेत्र के रैभी गांव निवासी प्रमोद यादव का पुत्र गुड्डू कुमार, अपनी मां का इलाज कराने कुछ रिश्तेदारों और दोस्तों के साथ आईजीआईएमएस, पटना गया था। इलाज पूरा होने के बाद सभी लोग देर रात कार से मधेपुरा लौट रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार कार दिल्ली मोड़ के पास ओवरब्रिज पर डिवाइडर से टकरा गई, जिससे हादसा इतना भीषण था कि मौके पर ही तीन लोगों की मौत हो गई।
मृतकों में गुड्डू के मामा, मौसा और वाहन चालक शामिल हैं। गुड्डू कुमार इस हादसे में सुरक्षित रहे, जबकि उनकी मां का पैर टूट गया है। अन्य दो घायलों की स्थिति नाजुक बताई जा रही है। घायल मरीजों का प्राथमिक उपचार दरभंगा मेडिकल कॉलेज और हॉस्पिटल (DMCH) में किया गया, जिसके बाद गंभीर स्थिति में उन्हें दिल्ली मोड़ स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोग और पुलिसकर्मी घटनास्थल पर पहुंचे और घायलों को बाहर निकालने में मदद की। पुलिस ने वाहन को जब्त कर हादसे की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में यह पाया गया कि हादसा तेज़ रफ्तार और सड़क पर ध्यान न देने के कारण हुआ।
इस घटना ने पूरे क्षेत्र में शोक और सदमे की लहर फैला दी है। पुलिस अधिकारी सुरेंद्र प्रसाद और हाईवे गस्ती के शिवराज सिंह (ASI) सहित अन्य कर्मियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में सहायता की।
प्रशासन ने दुर्घटना रोकने के लिए ओवरब्रिज और एनएच-27 हाईवे पर यातायात सुरक्षा बढ़ाने का निर्णय लिया है। इसके तहत सड़क पर स्पीड ब्रेकर, चेतावनी साइन और बार-बार गश्ती करने की योजना बनाई गई है। हादसे में मृतकों के परिजनों को पुलिस और स्थानीय प्रशासन की ओर से सहायता और मुआवजा प्रदान करने की घोषणा की गई है। वहीं क्षेत्रवासियों ने भी कहा कि हादसों को रोकने के लिए यातायात नियमों का पालन और सड़क सुरक्षा पर जागरूकता बढ़ाने की जरूरत है।