Bihar News: पटना की स्पेशल निगरानी कोर्ट ने जल संसाधन विभाग के पूर्व कार्यपालक अभियंता कामेश्वरनाथ सिंह को आय से अधिक संपत्ति के मामले में दोषी ठहराते हुए एक वर्ष की सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अदालत ने उन्हें एक लाख रुपये का जुर्माना भी भुगतने का आदेश दिया है।
जुर्माने की राशि अदा नहीं करने की स्थिति में उन्हें एक माह अतिरिक्त जेल में रहना होगा। यह फैसला निगरानी के विशेष न्यायाधीश मोहम्मद रुस्तम की अदालत ने गुरुवार को सुनाया। सजा पाने वाले अभियंता मधुबनी जिले के खुटौना मंडल कार्यालय में कार्यरत थे।
मामले से जुड़ी जानकारी देते हुए विशेष लोक अभियोजक कृष्ण मुरारी प्रसाद ने बताया कि 20 फरवरी 2009 को निगरानी विभाग को गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पटना के न्यू बाइपास रोड पर अभियंता की गाड़ी को रोका गया और तलाशी के दौरान 8.20 लाख नकद बरामद किए गए।
बाद में उनके आवास की तलाशी में भी नकदी और अन्य कीमती सामान बरामद हुए। जांच में स्पष्ट हुआ कि 8.20 लाख की नकद राशि अभियुक्त की आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक थी। अदालत ने उन्हें भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम की धारा 13 के तहत दोषी ठहराया। इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से 10 गवाहों की गवाही दर्ज की गई थी।





