Bihar Education News: शिक्षा विभाग के वरिष्ठ अधिकारी बिना देखे-पढ़े ही पत्र जारी करते हैं. सचिवालय से 28 अप्रैल 2026 को पत्र जारी होता है, सभी डीईओ-आरडीडीई को निर्देश दिया जाता है कि हर हाल में 20 अप्रैल तक जरूरी सूचना उपलब्ध कराएं. चिट्ठी जारी करने से 8 दिन पहले ही 20 अप्रैल बीत चुका होता है. ऐसे में 20 अप्रैल तक सेवा इतिहास से संबंधित सूचना जमा करने का निर्देश देना समझ से परे है.
डीईओ-डीपीओ ने नहीं दी जानकारी
शिक्षा विभाग ने 8 अप्रैल 2026 को पत्र लिखकर सभी क्षेत्रीय शिक्षा उप निदेशक और जिला शिक्षा पदाधिकारी से बिहार शिक्षा सेवा (प्रशासन उपसंवर्ग) के अधिकारियों की सेवा इतिहास तैयार करने के लिए वांछित सूचना उपलब्ध कराने को कहा था. तब विभाग की तरफ से हर हाल में 20 अप्रैल तक सूचना मांगी गई थी. लेकिन 28 अप्रैल तक सिर्फ 20 अधिकारियों ने ही सेवा इतिहास से संबंधित सूचना उपलब्ध कराया. अन्य पदाधिकारिय़ों ने सूचना देना मुनासिब नहीं समझा.
निदेशक (प्रशासन) ने दुबारा लिखी चिट्ठी
8 अप्रैल के बाद 28 अप्रैल को शिक्षा विभाग के निदेशक (प्रशासन) मनोरंजन कुमार ने दुबारा चिट्ठी लिखी. उन्होंने सभी क्षेत्रीय शिक्षा उपनिदेशक और जिला शिक्षा पदाधिकारियों को पत्र लिखा. जिसमें कहा गया है कि बिहार शिक्षा सेवा (प्रशासन उपसंवर्ग) के अधिकारियों की सेवा अभिलेख एवं आवश्यक सूचनाओं को सेवा इतिहास पोर्टल पर अपलोड करना है. साथ ही ऑफलाइन भी संधारण किया जाना है. इसके लिए अभिलेख की जरूरत है.
28 तारीख को चिट्ठी लिखकर 20 अप्रैल तक जमा करने को कहा
शिक्षा विभाग के निदेशक (प्रशाशन) ने 28 अप्रैल के अपने पत्र में सभी प्रमंडल के आरडीडीई और सभी जिलों के डीईओ से कहा है कि आप स्वयं सेवा इतिहास से संबंधित जानकारी दें. साथ ही अपने अधीन बिहार शिक्षा सेवा के अधिकारियों को सूचना देने के लिए निदेशित करें. वांछित सूचना 20 अप्रैल 2026 तक निश्चित रूप से प्रशाखा-2 में उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें.



