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भोजपुर में 5 हजार घूस लेते रंगे हाथ पकड़ा गया आवास सहायक, विजिलेंस ने की कार्रवाई

भोजपुर जिले में निगरानी ने प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त के बदले ₹5000 रिश्वत लेते आवास सहायक मनीष कुमार को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह पंचायत स्तर पर भ्रष्टाचार के खिलाफ दूसरी बड़ी कार्रवाई है।

Bihar
निगरानी के हत्थे चढ़ गया घूसखोर
© SOCIAL MEDIA
Jitendra Vidyarthi
3 मिनट

BHOJPUR: बिहार में आए दिन घूसखोर पकड़े जा रहे हैं, लेकिन लोग अभी भी अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं। ऐसा लगता है कि घूसखोरों में निगरानी का डर खत्म हो गया है। तभी तो घूसखोर रंगेहाथ अभी भी पकड़े जा रहे हैं। ताजा मामला भोजपुर जिले का है।


जहां प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) की तीसरी किस्त जारी करने के नाम पर घूस मांगने वाले एक घूसखोर सरकारी कर्मचारी को निगरानी विभाग 5 हजार रूपये रंगे हाथ लेते गिरफ्तार किया है। बुधवार की शाम में पटना से आई निगरानी की टीम ने भोजपुर जिले के सिकरहटा थाना क्षेत्र के फतेहपुर बाजार में कार्रवाई करते हुए आवास सहायक मनीष कुमार को ₹5,000 लेते गिरफ्तार किया है। मनीष कुमार चकिया पंचायत में आवास सहायक के पद पर कार्यरत था और हसन बाजार क्षेत्र का रहने वाला है।


फतेहपुर निवासी लाभार्थी रामजी सिंह ने निगरानी विभाग को शिकायत दी थी कि आवास सहायक उनसे प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त जारी करने के बदले ₹10,000 की मांग कर रहा है। शिकायत की प्रारंभिक जांच में मामला सही पाया गया, जिसके बाद निगरानी डीएसपी गौतम कृष्णा के नेतृत्व में टीम ने जाल बिछाया। जैसे ही लाभार्थी ने सहायक को ₹5,000 की राशि सौंपी, टीम ने मनीष कुमार को मौके पर ही दबोच लिया। निगरानी की टीम में मोहम्मद निजामुद्दीन, एएसआई रवि शंकर, सिपाही पंकज कुमार और शंभू राय शामिल थे। 


लगातार दूसरी कार्रवाई

बता दें कि इससे पहले, 10 जुलाई को निगरानी टीम ने भोजपुर के पीरो में राजस्व कर्मचारी राजा कुमार दास को ₹20,000 की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया था। यह लगातार दूसरी बड़ी कार्रवाई है जिसने पंचायत स्तर पर व्याप्त भ्रष्टाचार की पोल खोल दी है। स्थानीय लोगों ने निगरानी टीम की इस कार्रवाई की सराहना की और कहा कि इससे भ्रष्टाचारियों में डर पैदा होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि आगे भी इसी तरह के भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।



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