1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Mar 13, 2026, 1:50:10 PM
प्रतिकात्मक तस्वीर - फ़ोटो Google
Bihar News: भागलपुर जिले के 1254 प्रारंभिक विद्यालयों में संचालित मध्याह्न भोजन योजना पर गैस संकट का खतरा मंडराने लगा है। विभागीय सूत्रों के अनुसार अधिकांश स्कूलों में एलपीजी सिलिंडर का स्टॉक केवल दो से तीन दिनों के लिए ही बचा हुआ है। यदि जल्द कमर्शियल सिलिंडर की आपूर्ति नहीं हुई तो स्कूलों में मिड-डे मील का संचालन बाधित हो सकता है। इससे जिले के दो लाख से अधिक बच्चों के भोजन पर सीधा असर पड़ने की आशंका है।
जिले में कुल करीब 1756 प्रारंभिक विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना चल रही है। इनमें से 502 विद्यालयों में एनजीओ के माध्यम से भोजन उपलब्ध कराया जाता है, जबकि शेष स्कूलों में रसोइयों द्वारा एलपीजी गैस पर भोजन पकाया जाता है। इन स्कूलों में गैस की कमी होने पर मिड-डे मील व्यवस्था प्रभावित होने का खतरा बढ़ गया है। जिला शिक्षा विभाग के अनुसार अभी तक किसी भी विद्यालय से गैस की कमी को लेकर लिखित शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। हालांकि कुछ स्कूलों ने मौखिक रूप से सिलिंडर उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
इस संबंध में डीपीओ (मध्याह्न भोजन) बबीता कुमारी ने बताया कि कुछ विद्यालयों से सिलिंडर उपलब्ध कराने की मांग की जानकारी मिली है, लेकिन अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं आई है। उन्होंने बताया कि सभी स्कूलों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर वैकल्पिक व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही गैस उपलब्ध कराने के लिए संबंधित विभाग को पत्र भेजने की तैयारी की जा रही है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेट्रोलियम पदार्थों की संभावित कमी को देखते हुए बिहार में मध्याह्न भोजन योजना प्रभावित होने की आशंका जताई गई है। इसको लेकर मध्याह्न भोजन योजना निदेशालय को राज्य के कई जिलों से गैस आपूर्ति को लेकर शिकायतें प्राप्त हुई हैं। स्थिति को गंभीरता से लेते हुए निदेशालय ने इंडियन ऑयल, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम के अधिकारियों को पत्र भेजा है। पत्र में विद्यालयों को प्राथमिकता के आधार पर एलपीजी गैस सिलिंडर उपलब्ध कराने का अनुरोध किया गया है, ताकि स्कूलों में मिड-डे मील का संचालन बाधित न हो और बच्चों को समय पर भोजन मिल सके।