बिहार में बड़ा हादसा टला: एक्सप्रेस ट्रेन और ट्रक की हुई जोरदार टक्कर, डाउन लाइन पर परिचालन बाधित बिहार में बड़ा हादसा टला: एक्सप्रेस ट्रेन और ट्रक की हुई जोरदार टक्कर, डाउन लाइन पर परिचालन बाधित 10-10 हजार कब दोगे? नाराज जीविका दीदियों ने JDU कार्यालय को घेरा, नीतीश सरकार पर लगाए यह आरोप 10-10 हजार कब दोगे? नाराज जीविका दीदियों ने JDU कार्यालय को घेरा, नीतीश सरकार पर लगाए यह आरोप Factory Blast: आयरन फैक्ट्री में जोरदार धमाका, हादसे में 7 मजदूरों की मौत; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी Factory Blast: आयरन फैक्ट्री में जोरदार धमाका, हादसे में 7 मजदूरों की मौत; रेस्क्यू ऑपरेशन जारी Bihar ration card : बिहार में राशन कार्डधारकों पर सख्त कार्रवाई, 11,300 कार्ड रद्द करने की प्रक्रिया शुरू; जानिए क्या है वजह पश्चिमी चंपारण में बुजुर्ग से 51 हजार की ठगी, जेब में 20 की गड्डी रख 500 के बंडल ले उड़े उचक्के Bihar Politics: नेता या मंत्री किसके बेटे को बचा रही है पुलिस? NEET छात्रा मौत मामले पर पप्पू यादव का सरकार से सवाल Bihar Politics: नेता या मंत्री किसके बेटे को बचा रही है पुलिस? NEET छात्रा मौत मामले पर पप्पू यादव का सरकार से सवाल
13-Oct-2025 04:40 PM
By FIRST BIHAR
Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले लोजपा (रामविलास) को बड़ा झटका लगा है। पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष रविशंकर सिंह अशोक ने पार्टी की सदस्यता और पद दोनों से इस्तीफा दे दिया है। उनके साथ कई समर्थकों ने भी लोजपा (रामविलास) को अलविदा कह दिया।
सोमवार को लखीसराय नगर परिषद क्षेत्र स्थित दशरथ नंदन कॉम्प्लेक्स में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान रविशंकर सिंह ने अपने फैसले की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वे पिछले पांच वर्षों से पार्टी के सिपाही की तरह काम कर रहे थे और विशेष रूप से सूर्यगढ़ा विधानसभा क्षेत्र में संगठन को मज़बूत किया।
हालांकि, उन्होंने अफसोस जताया कि मरे कार्य से पार्टी संतुष्ट नहीं थी, इसलिए मैंने स्वेच्छा से पद और सदस्यता से इस्तीफा देने का निर्णय लिया। उन्होंने यह भी बताया कि इस्तीफे से संबंधित पत्र लोजपा (रामविलास) के प्रदेश अध्यक्ष राजू तिवारी को भेज दिया गया है।
रविशंकर सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि वे अब 17 अक्टूबर को सूर्यगढ़ा विधानसभा सीट से नामांकन दाखिल करेंगे। उनका कहना है कि अगर कोई पार्टी उन्हें टिकट देती है, तो वह उनका और सूर्यगढ़ा का सम्मान होगा, अन्यथा वे निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ेंगे। रविशंकर सिंह की स्थानीय पकड़ और संगठन में सक्रियता को देखते हुए यह लोजपा (रामविलास) के लिए चिंता का विषय बन सकता है।