Bihar Board Matric Result 2026: सुपौल के 2 छात्रों ने किया कमाल, एक के पिता पंक्चर बनाते हैं तो दूसरे के मम्मी-पापा दोनों टीचर बिग बॉस फेम रजत दलाल ने गुपचुप तरीके से की शादी, सोशल मीडिया पर वेडिंग फोटोज वायरल बिग बॉस फेम रजत दलाल ने गुपचुप तरीके से की शादी, सोशल मीडिया पर वेडिंग फोटोज वायरल सासाराम की खुशी ने मैट्रिक परीक्षा में हासिल किया 8वां स्थान, IAS अधिकारी बनने का है सपना; फेरी लगाकर कपड़ा बेचते हैं पिता LPG सिलेंडर डिलीवरी होने पर ऐसे करें चेक: फुल है या नहीं, जानें 2 आसान ट्रिक गरीबी को मात देकर राजमिस्त्री की बेटी नसरीन परवीन ने रचा इतिहास, मैट्रिक में 5वां रैंक लाकर भोजपुर का नाम किया रोशन बिहार बोर्ड मैट्रिक परीक्षा में गोपालगंज के कृष्णा ने हासिल किया 9वां रैंक, 482 अंकों के साथ बने जिला टॉपर; पिता हैं सिक्योरिटी गार्ड बिहार बोर्ड मैट्रिक परीक्षा में गोपालगंज के कृष्णा ने हासिल किया 9वां रैंक, 482 अंकों के साथ बने जिला टॉपर; पिता हैं सिक्योरिटी गार्ड 1 अप्रैल से लागू नया टैक्स कानून, सैलरी वालों के लिए बड़ा झटका या राहत? HRA से लेकर Education Allowance तक के बदले नियम बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट 2026: स्क्रूटिनी और विशेष परीक्षा के लिए छात्रों को मौका, इस दिन से करें आवेदन
13-Oct-2023 08:27 AM
By First Bihar
PATNA : शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक ने एक बार फिर से सभी जिलों के जिलाधिकारी को पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने कहा कि न सिर्फ हाई स्कूल बल्कि प्राथमिक-मदध्य विद्यालयों में शौचालय, बच्चों को बैठने के लिए फर्नीचर-दरी की व्यवस्था करें। पाठक ने अपने पत्र में सभी जिलों के डीएम को यह भी जानकारी दी है कि यह व्यवस्था कहां से करें।
शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव के पत्र में कहा गया है कि आप ऐसे माध्यमिक विद्यालय को देखें जहां बड़ी धनराशि पड़ी हुई है। उस पैसे से हाई स्कूल के फीडर एरिया के प्रारंभिक और मध्य विद्यालयों के शौचायलयों को फंक्शनल बनाएं। इसके साथ ही उनमें फर्नीचर की व्यवस्था करवाएँ। आप यह लक्ष्य तय करें कि आगामी सर्दी के मौसम में प्राथमिक, मध्य विद्यालय का कोई भी बच्चा फर्श पर न बैठे। यदि माध्यमिक विद्यालय की राशि से पर्याप्त फर्नीचर नहीं खरीदे जा सकते हैं तो कम से कम दरी खरीद कर ही इन प्राथमिक मध्य विद्यालय में उपलब्ध कराएं। ताकि सर्दी के मौसम में कोई भी छात्र ठंडे फर्श पर न बैठे।
केके पाठक ने सभी डीएम को कहा है कि आप 24 जुलाई 2023 का मेरा वह पत्र देखें। जिसमें कहा गया था कि माध्यमिक विद्यालयों में लगभग 1100 करोड़ की राशि छात्र कोष, विकास कोष में पड़ी हुई है। इस राशि को माध्यमिक विद्यालयों की बेहतरीन में खर्च करें। इसके साथ ही उस पत्र में यह भी लिखा गया था कि उक्त माध्यमिक विद्यालय के फीडर एरिया में जो-जो प्राथमिक, मध्य विद्यालय हैं उन पर भी ध्यान दें। हाईस्कूल के फंड में जमा राशि से इन प्राथमिक, मध्य विद्यालय में काम करवायें।