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आखिर अहले सुबह 3:30 बजे ही क्यों क्राइम सीन को किया गया रिक्रिएट? जानिए हैदराबाद एनकाउंटर की INSIDE STORY

06-Dec-2019 02:21 PM

HYDERABAD: हैदराबाद में वेटनरी डॉक्टर से हैवानियत के चारों आरोपियों को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया है. इस एनकाउंटर के बाद से पूरे देश में जश्न का माहौल है. कई पॉलिटिकल लीडर्स ने इस एनकाउंटर का समर्थन किया है तो वहीं कई नेताओं ने इस पर सवाल भी खड़े किये हैं. आईए अब आपको बताते हैं कि आखिर अहले सुबह 3:30 बजे ही क्यों पुलिस ने क्राइम सीन को रिक्रिएट किया.

घटना के टाइम पर ही क्राइम सीन होता है रिक्रिएट 

एनकाउंटर के समय को लेकर भी पुलिस पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं. पूर्व आईपीएस वेदभूषण ने इस मामले में मीडिया को बयान देते हुए कहा है कि यह रिक्रिएशन का हिस्सा था और रिक्रिएशन में जिस वक्त घटना होती है, ठीक उसी वक्त और उसी जगह पर पुलिस आरोपी को ले जाकर फिर से घटना का सीन क्रिएट करवाती है. हैदराबाद गैंगरेप कांड की घटना को रात में अंजाम दिया गया था, इसलिए आरोपियों को पुलिस रात में ही घटनास्थल पर ले गई. पूर्व अधिकारी वेदभूषण ने मीडिया को बताया है कि एनकाउंटर से पहले आरोपियों के हाथ में हथकड़ियां नहीं पहनाई गई थी. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार खतरनाक अपराधियों के मामले में पुलिस अपील करती है कि उन्हें हथकड़ियां लगाकर रखने की अनुमति दी जाए. लेकिन हैदराबाद के आरोपियों को हथकड़ियां नहीं पहनाई गई थी क्योंकि इनका पहले से फरार होने का कोई रिकॉर्ड नहीं था.


लोगों ने फायरिंग की आवाज सुनी 

वहीं इस पूरे मामले पर साइबराबाद पुलिस कमिश्नर वीसी सज्जनार ने बताया कि चारों आरोपी पुलिस के साथ एनकाउंटर में मारे गए हैं. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हो गए. हालांकि, उन्होंने ये नहीं बताया कि कस्टडी में रहे आरोपियों के पास हथियार कहां से आए. वहीं जिस जगह पर एनकाउंटर हुआ, वहां पर सिर्फ एक घर था. उस घर के एक सदस्य ने बताया कि सुबह 4 बजे के आसपास उन्होंने फायरिंग की आवाज सुनी. बाद में लोगों को जब पता चला कि पुलिस ने हैदराबाद के 'हैवानों' को एनकाउंटर में मार गिराया है तब लोगों की भीड़ मौके पर इकट्ठा हो गई. जिसके बाद लोगों ने पुलिसकर्मियों पर फूलों की बारिश की और जश्न मनाया.