ब्रेकिंग न्यूज़

बाढ़ में ‘एक शाम शहीदों के नाम’ कार्यक्रम में खाली रह गई कुर्सियां, प्रचार-प्रसार को लेकर प्रशासन पर उठ रहे सवाल UCC पर डॉ प्रेम कुमार का बड़ा बयान, बोले- ‘एक देश, एक कानून’ पूरे भारत में लागू हो मंत्री अशोक चौधरी बने असिस्टेंट प्रोफेसर, पटना के एएन कॉलेज में ली पहली क्लास मुंगेर के स्कूल में बड़ी चोरी: ताले तोड़कर लाखों की संपत्ति को पहुंचाया नुकसान, निर्माण सामग्री भी किया गायब मुजफ्फरपुर में रामनवमी को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम: चप्पे-चप्पे पर रहेगी पुलिस की नजर, ड्रोन और CCTV से होगी निगरानी पटना लूट कांड का खुलासा: 20 लाख लूट मामले में एक आरोपी गिरफ्तार, अन्य की तलाश जारी हाजीपुर में निगरानी की बड़ी कार्रवाई, 50 हजार घूस लेते खनन विभाग के दो कर्मचारी रंगेहाथ गिरफ्तार पटना में रामनवमी पर हाई अलर्ट, महावीर मंदिर समेत प्रमुख स्थलों पर कड़ी सुरक्षा के प्रबंध BIHAR: गांव के दबंगों ने दलित युवक को बेरहमी से पीटा, पुलिस से लगाई न्याय की गुहार Bihar News: गंगा में नहाने गए चार दोस्त… अचानक गहराई में समाए, दो की दर्दनाक मौत से गांव में मचा कोहराम

Home / lifestyle / Why We Overshop in Malls: मॉल से क्यों खाली हाथ नहीं लौटते आप?...

Why We Overshop in Malls: मॉल से क्यों खाली हाथ नहीं लौटते आप? जानिए... पीछे छिपा बड़ा सच

Why We Overshop in Malls: क्या आपने कभी सोचा है कि मॉल में सिर्फ एक-दो चीज़ें लेने गए थे, लेकिन जब घर वापस आए तो थैलों से लदे हुए? ये कोई इत्तेफाक नहीं, बल्कि मॉल्स की स्मार्ट मार्केटिंग ट्रिक्स का कमाल है। जानें...

06-Sep-2025 03:43 PM

By First Bihar

Why We Overshop in Malls: क्या आपने कभी सोचा है कि मॉल में सिर्फ एक-दो चीज़ें लेने गए थे, लेकिन जब घर वापस आए तो थैलों से लदे हुए? ये कोई इत्तेफाक नहीं, बल्कि मॉल्स की स्मार्ट मार्केटिंग ट्रिक्स का कमाल है। तो आखिर ऐसा क्या होता है मॉल्स में, जो हमें जरूरत से ज्यादा खरीदने पर मजबूर कर देता है? चलिए, जानिए इसके पीछे का छुपा बड़ा सच - 


ज्यादातर लोग दुकानों से ज्यादा मॉल्स में खरीदारी करना पसंद करते हैं, क्युकी मोल में उन्हें उनके पसंद की अधिकतर चीजें एक ही जगह पर मिल जाती हैं. मॉल्स की बनावट भी ऐसी की जाती है जिससे ग्राहक उसकी तरफ आसानी से आकर्षित हो जाते हैं और ज्यादा से ज्यादा सामान खरीद लेते हैं. लेकिन मॉल में मार्केटिंग का कॉन्सेप्ट कुछ ऐसा होता है जिससे आप शॉपिंग मॉल तो दो चार चीजे हीं खरीदने जाते हैं, लेकिन बाहर निकलते वक्त आपके हाथों में ढेर सारे बैग्स होते हैं, जिनमें से आधा सामान तो आपकी लिस्ट में होता ही नहीं है.


सबसे पहले तो आपने देखा होगा मॉल में घुसते ही वहां आपको बड़े-बड़े कार्ट्स नजर आ जाते हैं ये बड़े इसलिए होते हैं जिससे आप ज्यादा से ज्यादा सामान खरीद सकें. शॉपिंग मॉल को डिजाइन भी ऐसे किया जाता है कि आप वहां घूमते हुए ज्यादा चीजों को एक्सप्लोर कर सकें. वहां खिड़कियां भी कम होती हैं जिससे लोगों को बाहर का नजारा नहीं दिखता और उन्हें मॉल में समय का अंदाजा नहीं लग पाता. मॉल में ग्राहकों को लुभाने के लिए कई सामानों की कीमतें सिर्फ 99 या 999 होती हैं इसे 'लेफ्ट डिजिट इफेक्ट' कहते हैं. यानि ग्राहकों को लेफ्ट डिजिट वाली चीजें सस्ती लगती हैं इसलिए लोग उसे खरीद लेते हैं. इतना ही नहीं शॉपिंग मॉल में SALE के साइन ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए लगाए जाते हैं. सेल का नाम सुनकर हर कोई उस सामान को लेने के बारे में एक न एक बार सोचता जरूर है.


इसके अलावा मॉल में घुसते समय ज्यादातर लोग शॉपिंग के लिए राइट साइड मुड़ते हैं यही वजह है राइट साइड महंगी और आकर्षित चीजें रखी होती है जिससे ग्राहक वहीं रुककर उस सामान को खरीदने पर मजबूर हो जाए. मॉल के अंदर का वातावरण ग्राहकों को कंफर्ट महसूस कराता है. धीमा म्यूजिक, बेहतरीन खुशबूदार माहौल, आकर्षक रोशनी ग्राहकों को वहां देर तक रुकने के लिए मजबूर कर देती है जिससे ज्यादा पैसे खर्च करने की संभावना बढ़ जाती है.