BIHAR: दो बाइक की सीधी टक्कर में वकील की मौत, घायल युवक DMCH रेफर मुंगेर में अवैध गिट्टी और बालू ढुलाई पर प्रशासन की सख्त कार्रवाई, 5 गिरफ्तार, 47 लाख का जुर्माना NEET छात्रा हत्याकांड!: जहानाबाद में 25 KM लंबा मार्च, सरकार पर लीपापोती का आरोप BIHAR: रंगदारी मामले में निलंबित थानाध्यक्ष अमरज्योति ने किया सरेंडर, कोर्ट ने भेजा जेल पटना में साइबर ठगी का बड़ा खुलासा: तीन कॉल सेंटरों पर रेड, 22 गिरफ्तार फ्लैट खरीदारों के हित पर जोर: रेरा बिहार कार्यक्रम में न्यायमूर्ति चक्रधारी शरण सिंह का मार्गदर्शन बिहार में अवैध खनन पर सरकार सख्त: सारण में कई वाहन जब्त, 75.65 लाख का जुर्माना राशनकार्ड धारकों को बड़ी राहत: होली और दिवाली पर मिलेगा मुफ्त गैस सिलेंडर Bihar News: जनगणना को लेकर नीतीश सरकार ने शुरू की तैयारी, समन्वय समिति की हुई बैठक; पूछे जाएंगे आपसे 33 सवाल Bihar News: जनगणना को लेकर नीतीश सरकार ने शुरू की तैयारी, समन्वय समिति की हुई बैठक; पूछे जाएंगे आपसे 33 सवाल
22-Oct-2025 09:22 PM
By First Bihar
PURNEA: बिहार के पूर्णिया जिले में एक बार फिर फर्जी आवासीय प्रमाण पत्र बनाने का मामला सामने आया है। इस तरह की हरकत से लोग बाज नहीं आ रहे हैं। एक बार फिर ‘डॉगी कुमार’ नाम से कुत्ते के लिए आवासीय प्रमाण पत्र का आवेदन ऑनलाइन अप्लाई किया गया। मामला सामने आते ही कि प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई करते हुए अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराया है।
पूर्णिया जिले के बनमनखी प्रखंड कार्यालय में एक अज्ञात व्यक्ति ने ‘डॉगी कुमार’ नाम से निवास प्रमाण पत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन कर दिया। मामला सामने आते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया और जांच शुरू की गई। दस्तावेजों की जांच में सामने आया कि आवेदक का नाम डॉगी कुमार, पिता का नाम कुत्ता कुमार विश्वास और माता का नाम डॉगी देवी दर्ज था। इतना ही नहीं, आवेदन के साथ एक शपथ पत्र और मोबाइल नंबर 9955699339 भी संलग्न था। जब अधिकारियों ने आवेदक का नाम पढ़ा तो वो भी हैरान रह गये।
राजस्व पदाधिकारी बालकृष्ण भारद्वाज ने बताया कि 8 अक्टूबर 2025 को डॉगी कुमार के नाम से आवेदन मिला था। जिसके बाद जांच करते हुए कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि इस तरह की हरकत करके कुछ असामाजिक तत्व प्रशासन की छवि को खराब करने में लगे हैं। अधिकारियों को जब इस बात की जानकारी मिली तब जो मोबाइल नंबर आवेदन में दिया गया था उस नंबर के आधार पर अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया गया है। एफआईआर दर्ज होने के बाद मामले की छानबीन शुरू कर दी गयी है।
बता दें कि वोटर लिस्ट पुनरीक्षण के दौरान बिहार के कई जिलों से इस तरह के फर्जी आवेदन ऑनलाइन किया गया था। कुत्ता, बिल्ली, सोनालिक ट्रैक्टर, ट्रम्प सहित कई हस्तियों के नाम से आवासी प्रमाण पत्र बनाने के लिए आवेदन किया गया था। पटना के मसौढ़ी में भी ‘डॉग बाबू’ के नाम से आवासीय प्रमाण पत्र जारी भी कर दिया गया था, जिससे प्रशासन की काफी किरकिरी हुई थी।