Bihar-budget: पंच-संकल्प के साथ विकसित बिहार की ओर सशक्त कदम, पूर्व उद्योग मंत्री नीतीश मिश्रा बोले- यह बजट आर्थिक-सामाजिक विकास का स्पष्ट रोडमैप है बिहार के किसानों को बड़ी राहत: पीएम किसान के साथ अब कर्पूरी सम्मान निधि योजना का मिलेगा लाभ, साल में मिलेंगे इतने रुपये बिहार के किसानों को बड़ी राहत: पीएम किसान के साथ अब कर्पूरी सम्मान निधि योजना का मिलेगा लाभ, साल में मिलेंगे इतने रुपये रेलवे फाटक बंद रहने से भड़के लोग, कार्यालय में तोड़फोड़ और गेटमैन के साथ की मारपीट लाल सूटकेस में महिला का शव मिलने का खुलासा, पति निकला कातिल T20 World Cup: बिहार के क्रिकेटर शोएब खान का UAE की टीम में चयन, टी20 वर्ल्ड कप में दिखाएंगे दम T20 World Cup: बिहार के क्रिकेटर शोएब खान का UAE की टीम में चयन, टी20 वर्ल्ड कप में दिखाएंगे दम Bihar Bhumi: बि्हार के सभी CO पर और कसा नकेल ! दाखिल-खारिज केस को ‘सक्षम न्यायालय’ और ‘लंबित’ बताकर 'अटकाने' का खेल नहीं चलेगा, प्रधान सचिव ने सभी सीओ को बताया- ''राजस्व कार्यवाही कब रुकेगी...कब नहीं'' Bihar Sports Budget 2026: विश्व स्तरीय खेलों का केंद्र बनेगा बिहार, पंचायत स्तर पर खेल क्लबों का होगा गठन, नीतीश सरकार का बड़ा लक्ष्य Bihar Sports Budget 2026: विश्व स्तरीय खेलों का केंद्र बनेगा बिहार, पंचायत स्तर पर खेल क्लबों का होगा गठन, नीतीश सरकार का बड़ा लक्ष्य
04-Dec-2025 10:12 PM
By First Bihar
PATNA: बिहार विधानसभा सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की गैरहाजिरी को लेकर राज्य की सियासत तेज हो गई है। जहां सत्ता पक्ष लगातार सवाल उठा रहा है, वहीं अब आरजेडी के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने भी तेजस्वी यादव पर सीधा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि तेजस्वी ने मैदान छोड़ दिया।
शिवानंद तिवारी ने दावा किया कि तेजस्वी यादव विधानसभा सत्र के बीच ही अपने परिवार के साथ यूरोप टूर पर चले गए हैं। उन्होंने कहा कि तेजस्वी ने "मैदान छोड़ दिया है" और उनमें अगले पांच वर्षों तक विपक्ष के नेता की भूमिका निभाने की क्षमता दिखाई नहीं देती।
शिवानंद तिवारी ने कहा कि अभी बिहार विधानसभा का सत्र चल रहा है। राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान तेजस्वी यादव सदन में मौजूद नहीं थे। पहले कहा गया कि वे दिल्ली गए हैं, जबकि उनकी पत्नी और बच्ची पहले ही दिल्ली जा चुकी थीं। अब जानकारी सामने आई है कि तेजस्वी अपने परिवार के साथ विदेश यात्रा पर निकल गए हैं।
उन्होंने कहा कि बिहार में विरोध की राजनीति का पूरा मैदान खाली हो गया है। नीतीश कुमार पांच वर्षों तक मुख्यमंत्री बने रहेंगे या नहीं, इस पर भी संदेह है। बिहार में आरएसएस का प्रभाव बढ़ता दिख रहा है, लेकिन इसके लिए केवल जदयू या उसके नेताओं को जिम्मेदार कहना उचित नहीं होगा।
गौरतलब है कि एनडीए की प्रचंड जीत और महागठबंधन की हार के बाद हाल ही में नीतीश कुमार के नेतृत्व में नई सरकार का गठन हुआ है। 1 दिसंबर से शुरू हुए विधानसभा सत्र के पहले दिन नए विधायकों का शपथ ग्रहण और दूसरे दिन स्पीकर का चुनाव हुआ था, जिन दोनों में तेजस्वी यादव मौजूद रहे और उन्हें आधिकारिक तौर पर नेता प्रतिपक्ष घोषित किया गया।
हालांकि, सत्र के तीसरे दिन जब राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने सदन को संबोधित किया, उस दौरान तेजस्वी यादव अनुपस्थित रहे। इसके बाद जेडीयू और बीजेपी के नेताओं ने आरजेडी पर निशाना साधना शुरू कर दिया है। इसी बीच उनकी विदेश यात्रा की खबरों से बिहार का राजनीतिक तापमान और बढ़ गया है।