ब्रेकिंग न्यूज़

पटना में रामनवमी को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, महावीर मंदिर इलाके में हाई अलर्ट; चप्पे-चप्पे पर रहेगी पैनी नजर पटना में रामनवमी को लेकर जिला प्रशासन ने कसी कमर, महावीर मंदिर इलाके में हाई अलर्ट; चप्पे-चप्पे पर रहेगी पैनी नजर Bihar News : पटना में रहस्यमयी मौत! शव मिला, जांच से पहले ही पुलिस रवाना; मचा हडकंप Patna Metro : 26 मार्च को पटना मेट्रो फेज-2 का उद्घाटन संभव, चार स्टेशनों के बीच शुरू होगा सफर बिहार के इस जिले में करीब दर्जनभर सड़कों की बदलेगी सूरत, सरकार खर्च करेगी इतने करोड़ बिहार के इस जिले में करीब दर्जनभर सड़कों की बदलेगी सूरत, सरकार खर्च करेगी इतने करोड़ RTO online services : घर बैठे बनाएं लर्निंग लाइसेंस! RTO जाने की झंझट खत्म, मिनटों में पूरा होगा प्रोसेस बिहार में भगवान भी सुरक्षित नहीं: हनुमान मंदिर से लाखों के गहने चोरी, चांदी का गदा और अन्य कीमती सामान चुरा ले गए चोर बिहार की शिक्षा व्यवस्था में जल्द होने जा रहा बड़ा बदलाव, 80 हजार सरकारी स्कूलों में इस महीने से लागू होगी शैक्षणिक सुधार योजना बिहार की शिक्षा व्यवस्था में जल्द होने जा रहा बड़ा बदलाव, 80 हजार सरकारी स्कूलों में इस महीने से लागू होगी शैक्षणिक सुधार योजना

Home / bihar / patna-news / Bihar Assembly Election 2025 : क्या सच में NDA में नहीं तय हुआ...

Bihar Assembly Election 2025 : क्या सच में NDA में नहीं तय हुआ सीट बंटवारा का फार्मूला, उपेंद्र कुशवाहा ने छेड़ दी नई चर्चा; दिल्ली में हो रही सहयोगी नेताओं की बैठक

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के मद्देनजर एनडीए में सीट बंटवारे को लेकर मंथन जारी है। दिल्ली में गठबंधन की बैठक चल रही है और अंतिम सीट आवंटन जल्द तय होने की संभावना है।

11-Oct-2025 10:54 AM

By First Bihar

Bihar Assembly Election 2025 : बिहार विधानसभा चुनाव 2025 जैसे-जैसे नजदीक आ रहे हैं, राजनीतिक दलों के बीच बैठकों का दौर तेज हो गया है। पटना में लगातार पार्टियों की रणनीतिक बैठकें हो रही हैं, जिसमें आगामी चुनाव के लिए सीटों के बंटवारे और उम्मीदवारों के चयन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। राजधानी पटना के विभिन्न इलाकों में राजनीतिक हलचल भी तेज है। कभी मुख्यमंत्री आवास अणे मार्ग स्थित स्थान पर जेडीयू की बैठक होती है, तो कभी अन्य दल अपने दफ्तर में चुनावी समीकरण साधने में जुटे रहते हैं।


एनडीए के अंदर फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती सीट बंटवारे की है। चुनाव से पहले गठबंधन में सीटों के पैनल को लेकर चल रही चर्चाओं और मंथन को लेकर सभी दलों में उत्सुकता और सतर्कता है। इसी क्रम में आज एनडीए से सीट शेयरिंग को लेकर अहम जानकारी सामने आने की उम्मीद थी, लेकिन उपेंद्र कुशवाहा के हालिया ट्वीट ने स्पष्ट किया कि अभी इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है। उपेंद्र कुशवाहा ने कहा, “इधर-उधर की खबरों पर मत जाइए। वार्ता अभी पूरी नहीं हुई है। इंतजार कीजिए। मीडिया में जो खबरें आ रही हैं, उनके बारे में मुझे पता नहीं है। अगर कोई खबर प्लांट कर रहा है तो यह छल है, धोखा है। आप लोग ऐसे ही सजग रहिए।”


वहीं, बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने बताया कि पटना में चुनाव समिति की बैठक लगातार तीन दिन चली। इस बैठक में विशेष रूप से 2020 में हार गई सीटों के लिए एक उम्मीदवार पैनल तैयार किया गया है। जयस्वाल के अनुसार, यह पैनल आज दिल्ली में चर्चा के लिए रखा गया है और पूरे दिन विचार-विमर्श के बाद इसे केंद्रीय चुनाव समिति के सामने पेश किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एनडीए में सब कुछ ठीक है और केंद्रीय नेतृत्व अंतिम सीट आवंटन की घोषणा एक साथ करेगा। जयस्वाल ने यह भी स्पष्ट किया कि अगर आज शाम तक निर्णय नहीं हुआ तो कल सुबह 10 बजे तक सभी चीजें फाइनल हो जाएंगी।


केंद्रीय मंत्री जितन राम मांझी ने दिल्ली में हो रही एनडीए की बैठक को लेकर कहा कि गठबंधन में सभी निर्णय जल्द ही लिए जाएंगे। उन्होंने कहा, “हमें फैसला करना है। हम एनडीए के गठबंधन सहयोगी हैं, एनडीए के नेता दिल्ली में हैं और अब हम भी दिल्ली जा रहे हैं। हम अनुशासित लोग हैं और अनुशासन बनाए रखेंगे।” इससे यह संकेत मिलता है कि सीटों के बंटवारे पर अंतिम निर्णय लेने के लिए सभी दल एकजुट होकर केंद्र में बैठक कर रहे हैं।


राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में एनडीए की रणनीति का सबसे बड़ा सीट बंटवारा और उम्मीदवारों का चयन होगा। सीट बंटवारे में देरी से विरोधी दलों को मौका मिल सकता है, इसलिए एनडीए के लिए यह समय काफी महत्वपूर्ण है। अब यह देखना होगा कि दिल्ली में हो रही बैठक के बाद कितनी सीटें किस दल को मिलती हैं और यह बिहार की राजनीतिक तस्वीर को किस दिशा में मोड़ेगी।


पटना से मिली जानकारी के अनुसार, एनडीए के नेता लगातार दिल्ली पहुंच रहे हैं और आज शाम या कल सुबह तक गठबंधन की सीट बंटवारे की प्रक्रिया पूरी होने की उम्मीद है। इस बैठक में सभी सहयोगी दलों के सुझाव और आपसी समझ के आधार पर सीटों का अंतिम आवंटन किया जाएगा। राजनीतिक हलकों में यह चर्चा है कि इस बार एनडीए को अपने सहयोगी दलों के संतुलन और उम्मीदवारों की स्वीकार्यता पर विशेष ध्यान देना होगा, ताकि बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में गठबंधन की ताकत को बनाए रखा जा सके।