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12-Feb-2026 12:38 PM
By First Bihar
Bihar teachers : बिहार के शिक्षा सेवकों के लिए बड़ी खुशखबरी है। राज्य सरकार ने शिक्षा तंत्र को तकनीकी रूप से सुदृढ़ बनाने के लिए एक नई पहल शुरू की है। इसके तहत प्रखंड स्तर पर कार्यरत 82 शिक्षा सेवकों को स्मार्ट मोबाइल खरीदने के लिए 10-10 हजार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। यह राशि सीधे लाभुकों के बैंक खातों में हस्तांतरित की जाएगी, ताकि शिक्षक आसानी से अपने मोबाइल खरीद सकें और इसे अपने कार्य में इस्तेमाल कर सकें।
इस संबंध में सभी आवश्यक वाउचर और कागजी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। विभागीय सूत्रों ने बताया कि प्रक्रिया पूरी होते ही सभी लाभुकों के खातों में राशि भेज दी जाएगी। सरकार का उद्देश्य शिक्षा कार्यों को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ना और पूरे राज्य में शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक तकनीक के साथ जोड़ना है।
मोबाइल मिलने के बाद शिक्षक ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कर सकेंगे, विभिन्न सरकारी पोर्टल पर डाटा अपलोड कर सकेंगे, रिपोर्टिंग कर सकेंगे और अन्य विभागीय कार्य अधिक सुगमता और पारदर्शिता के साथ संपन्न कर सकेंगे। इस पहल से न केवल प्रखंड स्तर पर बल्कि पूरे बिहार में शिक्षा कार्यों में तेजी और प्रभावशीलता आएगी।
शिक्षा सेवकों ने इस योजना का स्वागत किया है और कहा कि स्मार्ट मोबाइल उपलब्ध होने से कामकाज में पारदर्शिता बढ़ेगी और कार्यों की गति तेज होगी। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी (बीईओ) फूदन राम ने बताया कि सरकार शिक्षा तंत्र को आधुनिक तकनीक से जोड़ने के लिए लगातार कदम उठा रही है। उनका कहना है कि मोबाइल मिलने के बाद शिक्षक अपने कार्यों को और प्रभावी ढंग से कर पाएंगे।
बिहार सरकार की यह पहल राज्य के जिलों और प्रखंडों के लिए भी उदाहरण बनेगी। डिजिटल शिक्षा के माध्यम से न केवल शिक्षकों का कामकाज आसान होगा, बल्कि छात्रों के लिए भी शिक्षण प्रक्रिया और व्यवस्थित तथा प्रभावी बनेगी। मोबाइल के जरिए शिक्षक घर बैठे ही ऑनलाइन रिपोर्टिंग, उपस्थिति दर्ज करना और अन्य विभागीय कार्य कर सकेंगे।
लाभुक शिक्षा सेवक अब अपने बैंक खातों में राशि आने का इंतजार कर रहे हैं। राशि मिलने के बाद वे आवश्यकतानुसार स्मार्ट मोबाइल खरीदकर अपने कार्यों को और बेहतर तरीके से संपन्न कर पाएंगे। इस पहल से पूरे बिहार में शिक्षा सेवकों की कार्यकुशलता और डिजिटल साक्षरता में सुधार होगा।
राज्य सरकार की यह कदम स्पष्ट रूप से दिखाता है कि बिहार शिक्षा को आधुनिक तकनीक से जोड़ने और शिक्षकों को आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने में अग्रणी है। आने वाले समय में पूरे राज्य में इसी तरह की डिजिटल पहल के माध्यम से शिक्षा क्षेत्र को और मजबूत बनाने की योजना बनाई जा रही है।