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08-Sep-2025 01:20 PM
By HARERAM DAS
BIHAR NEWS : बिहार के बेगूसराय जिले से एक चौंकाने वाली और बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। यहां मधुमक्खी के डंक ने एक युवक की जान ले ली। अक्सर लोग मधुमक्खी के डंक को एक मामूली चोट मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन इस बार यही छोटी-सी बात एक बड़े हादसे का कारण बन गई। इस घटना ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है।
मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा बेगूसराय जिले के डंडारी थाना क्षेत्र में रविवार को हुआ। मृतक युवक का नाम पंकज सिंह था, जो मटिहानी थाना क्षेत्र के छितरौर गांव का रहने वाला था। पंकज रविवार को अपनी बहन से मिलने डंडारी थाना क्षेत्र गया हुआ था। हमेशा की तरह वह अपनी बहन के घर के बाहर खड़ा था और परिवार से बातचीत कर रहा था। तभी अचानक एक मधुमक्खी ने उसे डंक मार दिया।
शुरुआत में घरवालों और आसपास मौजूद लोगों ने इसे सामान्य समझा। सबको लगा कि यह एक मामूली डंक है, जो थोड़ी जलन और दर्द देगा और फिर ठीक हो जाएगा। लेकिन कुछ ही मिनटों बाद पंकज की हालत बिगड़ने लगी। उसे तेज सांस लेने में दिक्कत होने लगी और उसका शरीर धीरे-धीरे सुन्न पड़ने लगा।
जब परिजनों ने देखा कि पंकज की तबीयत लगातार बिगड़ रही है, तो वे तुरंत उसे पास के एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने वहां उसका प्राथमिक इलाज शुरू किया, लेकिन हालत गंभीर होती देख उसे बेगूसराय सदर अस्पताल रेफर कर दिया। परिजन जैसे-तैसे युवक को लेकर सदर अस्पताल पहुंचे, लेकिन वहां पहुंचते ही डॉक्टरों ने पंकज को मृत घोषित कर दिया।
यह खबर मिलते ही परिवार के लोगों पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा। गांव में जब पंकज की मौत की सूचना पहुंची तो पूरे इलाके में मातम छा गया। लोग यह सोच भी नहीं पा रहे थे कि एक स्वस्थ और जवान युवक की जिंदगी इतनी अचानक खत्म हो सकती है।
पंकज सिंह एक साधारण परिवार से था और अपनी मिलनसार स्वभाव की वजह से गांव में सभी के प्रिय थे। परिवार के लोग बताते हैं कि वह मेहनती और खुशमिजाज था। रविवार को भी वह अपनी बहन से मिलने गया था, लेकिन किसे पता था कि यह उसकी आखिरी मुलाकात होगी। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मां-बाप तो अपने बेटे के निधन से बेसुध हो चुके हैं। पूरे गांव में गम और सदमे का माहौल है।
इस घटना के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है। लोग यह समझ ही नहीं पा रहे हैं कि आखिर एक मधुमक्खी का डंक इतनी बड़ी त्रासदी का कारण कैसे बन सकता है। आमतौर पर लोग ऐसे डंक को हल्के में लेते हैं, लेकिन यह हादसा बता गया कि कभी-कभी यह जानलेवा भी साबित हो सकता है।
पुलिस ने इस घटना की जानकारी जुटाई है और स्वास्थ्य विभाग भी मामले की जांच में जुटा है। डॉक्टरों का कहना है कि मधुमक्खी का डंक कई बार एलर्जी (एलर्जिक रिएक्शन) पैदा कर देता है। कुछ लोगों के शरीर में इस तरह का डंक तेज असर कर जाता है और मरीज का शरीर तुरंत प्रतिक्रिया देता है। ऐसी स्थिति को मेडिकल भाषा में ऐनाफिलैक्टिक शॉक कहा जाता है। यह अचानक सांस रुकने और दिल की धड़कन थमने तक की स्थिति पैदा कर सकता है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की घटनाओं को गंभीरता से लेना चाहिए। अगर किसी को मधुमक्खी, ततैया या अन्य कीड़े ने डंक मारा है और शरीर पर सूजन, तेज दर्द या सांस लेने में दिक्कत शुरू हो जाए, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। समय पर इलाज न मिलने पर स्थिति जानलेवा हो सकती है। इस घटना ने पूरे समाज को एक सबक दिया है कि छोटी-सी लगने वाली चीज भी कभी-कभी बहुत बड़ा खतरा बन सकती है। इसलिए किसी भी तरह के एलर्जिक रिएक्शन को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
पंकज सिंह की मौत की खबर जैसे ही गांव पहुंची, हर कोई सदमे में आ गया। गांव के लोग परिवार को ढांढस बंधाने पहुंचे, लेकिन उनके आंसू थम नहीं रहे थे। लोगों का कहना है कि पंकज हमेशा मदद करने के लिए तैयार रहता था और उसकी मौत से गांव ने एक नेकदिल इंसान खो दिया है। आज भी गांव के लोग उस पल को याद कर कांप उठते हैं जब उन्हें यह खबर मिली। कई लोग इसे ईश्वर की क्रूर लीला मान रहे हैं, तो कुछ इसे लापरवाही की देन कह रहे हैं। लेकिन सच यही है कि इस दर्दनाक घटना ने हर किसी को गहराई से झकझोर दिया है।
बेगूसराय की इस घटना ने यह दिखा दिया कि कभी-कभी छोटी लगने वाली बात भी मौत का कारण बन सकती है। मधुमक्खी का डंक एक साधारण घटना लग सकती है, लेकिन अगर सही समय पर इलाज न मिले, तो यह जानलेवा साबित हो सकती है। पंकज सिंह की मौत ने न केवल उसके परिवार को बल्कि पूरे गांव और जिले को गहरे सदमे में डाल दिया है।आज गांव में हर किसी की जुबान पर यही सवाल है कि कैसे एक मामूली डंक ने एक स्वस्थ युवक की जिंदगी खत्म कर दी। यह हादसा हमेशा लोगों के जेहन में डर और चेतावनी के रूप में दर्ज रहेगा।