मोतिहारी जहरीली शराबकांड में अब तक 8 लोगों की मौत, मैथनॉल वाली दारू पीने से गई जान! मोतिहारी में एक्साइज और पुलिस की बड़ी कार्रवाई: 24 घंटे में जहरीली स्प्रिट की बरामदगी, तस्करों पर शिकंजा नीतीश कुमार दे सकते हैं इस्तीफा!..14 अप्रैल को नए CM के शपथग्रहण की चर्चा तेज झारखंड रवाना हुए तेजस्वी यादव, बिहार की कानून व्यवस्था पर साधा निशाना वैशाली में डायल 112 की टीम पर कार्रवाई: घूस मांगने और मारपीट मामले में पुलिस कर्मी सस्पेंड, काम से हटाये गये 2 होमगार्ड जवान मुंगेर में भूमि सुधार जनकल्याण संवाद: उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने भ्रष्टाचार पर सख्त रुख दिखाया, कहा..अब किसी का भौकाल नहीं चलेगा वैशाली में जमीन मापी के दौरान बवाल, सीओ और पुलिस के सामने दो पक्षों में हिंसक झड़प, 15 लोग घायल पटना में फर्जी ‘लॉयर’ गिरोह का पर्दाफाश, 39 नकली मोहर के साथ 3 गिरफ्तार बेगूसराय में STF-अपराधियों के बीच मुठभेड़, 6 गिरफ्तार, एक बदमाश को लगी गोली बिहार के सरकारी स्कूलों में पढ़ाया जाएगा सुरक्षा का पाठ, बच्चों को दी जाएगी स्पेशल ट्रेनिंग; आपदा से निपटने के लिए होंगे ट्रेंड
15-Oct-2019 11:35 AM
PATNA: इस वक्त की बड़ी ख़बर राजधानी पटना से है, जहां PMCH में केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अश्विनी चौबे का विरोध किया गया है. अश्विनी चौबे पर स्याही फेंकी गई है. बताया जा रहा है कि भीड़ में से एक युवक ने अश्विनी चौबे के चेहरे पर स्याही फेंकी. स्याही फेंकने के बाद युवक मौके से फरार हो गया. आपको बता दें कि डेंगू के मरीजों का हालचाल लेने अश्विनी चौबे PMCH पहुंचे थे, इसी दौरान उनका विरोध किया गया.
स्याही फेंकने वाले युवक का नाम निशांत है, जो खुद को पप्पू यादव की पार्टी JAP का प्रदेश सचिव बता रहा है. निशांत ने बताया कि पटना में जलजमाव और डेंगू से बच्चे की मौत पर वो सरकार से नाराज था. लिहाजा उसने स्वास्थ्य राज्य मंत्री पर स्याही फेंकी. निशांत ने कहा कि स्याही फेंकने का फैसला उसका व्यक्तिगत है, पार्टी से कोई लेना-देना नहीं है. वहीं JAP के अध्यक्ष पप्पू यादव ने इस बात से इनकार किया है कि युवक उनकी पार्टी का नेता है.
इससे पहले केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने पीएमसीएच स्थित माइक्रोबायोलॉजी विभाग में डेंगू वार्ड पहुंचकर मरीजों का हालचाल जाना. अश्विनी चौबे के सामने ही डेंगू पेशेंट के परिजन ने पीएमसीएच के डॉक्टरों पर ठीक से इलाज नहीं करने का आरोप लगाया. इसके साथ ही मरीज के परिजनों ने डॉक्टरों पर इलाज में भेदभाव करने का भी आरोप लगाया.
मरीजों से मिलने के बाद अश्विनी चौबे ने कहा है कि लोगों को डेंगू से डरने की जरूरत नहीं है, इसके साथ ही उन्होंने अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की लोगों से अपील की है. अश्विनी चौबे ने कहा कि स्थिति भयावह नहीं है. उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार दोनों ही डेंगू को रोकने के लिए युद्ध स्तर पर काम कर रही है.