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Kartik Amavasya 2025: कब है कार्तिक मास की अमावस्या? जान लें स्नान-दान का शुभ मुहूर्त

Kartik Amavasya 2025: कार्तिक अमावस्या के दिन स्नान-दान का शुभ मुहूर्त ब्रह्म मुहूर्त में होता है। इस दिन सुबह 04:44 बजे से 05:35 बजे तक स्नान और दान करने का समय सबसे उत्तम माना गया है।

Kartik Amavasya 2025
कार्तिक अमावस्या
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PRIYA DWIVEDI
3 मिनट

Kartik Amavasya 2025: कार्तिक अमावस्या के दिन स्नान-दान का शुभ मुहूर्त ब्रह्म मुहूर्त में होता है। इस दिन सुबह 04:44 बजे से 05:35 बजे तक स्नान और दान करने का समय सबसे उत्तम माना गया है। इस दौरान गंगा या किसी पवित्र नदी के तट पर स्नान करना अत्यंत लाभकारी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन किए गए दान और पूजा से घर-परिवार में सुख, समृद्धि और मानसिक शांति आती है।


कार्तिक अमावस्या के दिन व्रत रखने वाले व्यक्ति को सुबह जल्दी उठकर स्नान करना चाहिए और घर या मंदिर की साफ-सफाई करनी चाहिए। इसके बाद भगवान गणेश जी को प्रणाम करें और फिर भगवान विष्णु की पूजा करें। तुलसी के पौधे के सामने दीपक जलाना भी शुभ माना जाता है। आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने और समृद्धि पाने के लिए इस दिन 108 बार तुलसी की माला से गायत्री मंत्र का जाप करने की परंपरा है।


पूजा में साबुत अनाज, गुड़, फल, पानी और दही का विशेष रूप से प्रयोग किया जाता है। इसके अलावा, इस दिन गरीबों और जरूरतमंदों को दान देने से पितृ-तर्पण और पुण्य का लाभ मिलता है। कार्तिक अमावस्या पर व्रत रखने से न केवल मानसिक शांति मिलती है, बल्कि स्वास्थ्य और आर्थिक स्थिति भी मजबूत होती है।


धार्मिक ग्रंथों के अनुसार, कार्तिक अमावस्या के दिन किए गए कर्मों और दान का प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है। इसलिए इस दिन घर-परिवार के सभी सदस्य मिलकर पूजा, दीपदान और दान का कार्य करते हैं। साथ ही, इस दिन गायत्री मंत्र का जाप, तुलसी पूजन और यज्ञ-हवन भी किया जा सकता है, जिससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह होता है।


कार्तिक अमावस्या का महत्व केवल धार्मिक नहीं है, बल्कि यह समाज में सहानुभूति और दानशीलता की भावना को भी बढ़ावा देता है। इस दिन घर की साफ-सफाई, दीप जलाना, पूजा-अर्चना और दान करने से घर-परिवार में सुख, समृद्धि और स्वास्थ्य की वृद्धि होती है।