ब्रेकिंग
पटना में डेंगू का खतरा बढ़ा: अगस्त के पहले सप्ताह में ही मिले 19 नए मरीज, स्वास्थ्य विभाग अलर्टBJP विधायक की हत्या की साजिश! जेल अधीक्षक समेत चार के खिलाफ FIR दर्ज; गुमनाम पत्र ने खोला राजसामाजिक सुरक्षा योजना में रिश्वतखोरी का खुलासा, डाटा एंट्री ऑपरेटर समेत तीन गिरफ्तारसुस्ता सीमा विवाद के बाद भारत-नेपाल की अहम बैठक, बॉर्डर पर शांति और समन्वय पर बनी सहमतिबहराइच में कार्यक्रम रद्द होने पर भड़के मुकेश सहनी, DM कार्यालय पहुंचकर प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोपपटना में डेंगू का खतरा बढ़ा: अगस्त के पहले सप्ताह में ही मिले 19 नए मरीज, स्वास्थ्य विभाग अलर्टBJP विधायक की हत्या की साजिश! जेल अधीक्षक समेत चार के खिलाफ FIR दर्ज; गुमनाम पत्र ने खोला राजसामाजिक सुरक्षा योजना में रिश्वतखोरी का खुलासा, डाटा एंट्री ऑपरेटर समेत तीन गिरफ्तारसुस्ता सीमा विवाद के बाद भारत-नेपाल की अहम बैठक, बॉर्डर पर शांति और समन्वय पर बनी सहमतिबहराइच में कार्यक्रम रद्द होने पर भड़के मुकेश सहनी, DM कार्यालय पहुंचकर प्रशासन पर लगाए गंभीर आरोप

तेजस्वी के नजदीक आकर नीतीश ने कर लिया मकसद पूरा, शिवानंद तिवारी ने किया खुलासा

PATNA: बिहार में जातीय जनगणना के मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक में बीजेपी के शामिल होने को लेकर आए बयान के बाद अब राजद के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने कहा कि नीतीश कुमार ने समय की नजाकत

तेजस्वी के नजदीक आकर नीतीश ने कर लिया मकसद पूरा, शिवानंद तिवारी ने किया खुलासा
Tejpratap
Tejpratap
2 मिनट

PATNA: बिहार में जातीय जनगणना के मुद्दे पर सर्वदलीय बैठक में बीजेपी के शामिल होने को लेकर आए बयान के बाद अब राजद के वरिष्ठ नेता शिवानंद तिवारी ने कहा कि नीतीश कुमार ने समय की नजाकत को देखते हुए भाजपा पर दबाव डालने के लिए तेजस्वी के साथ अब नीतीश ने अपनी नजदिकिया बनाई थी, और उसका लाभ जाती जनगणना के मुद्दे पर नीतीश को मिल रही है। शिवानंद तिवारी ने कहा की अमीर गरीब की गिनती करने वाली पार्टी अब जातियों की गिनती करने के साथ खड़ी हो गई है।


शिवानंद ने कहा कि नीतीश कुमार ने अपना मक़सद पुरा कर लिया। देश में अमीर और गरीब, दो ही जातियाँ हैं, यह बोलने वाली भाजपा अब नीतीश जी के साथ जातियों की गिनती करायेगी। यही तो नीतीश चाहते थे. ऐसा नहीं है कि भाजपा का हृदय परिवर्तन हो गया है इसलिए वह जातीय जनगणना के लिए तैयार हो गई है। दरअसल भाजपा के सामने 2024 का लोकसभा चुनाव है। उसके लिए अभी से उसकी गोलबंदी शुरू हो चुकी है.नीतीश कुमार ने बहुत चतुराई से इसका लाभ उठाया। इफ़्तार पार्टी ने अनुकूल मौक़ा दे दिया। संदेश चला गया कि ग़लतफ़हमी में मत रहिए। मेरे पास बना बनाया विकल्प है। 


2015 के विधानसभा चुनाव में भाजपा नीतीश और लालू के संयुक्त ताक़त का परिणाम देख चुकी है। आलाकमान का निर्देश आया और सर्वदलीय बैठक में शामिल होने का फ़ैसला हो गया। भाजपा ने एक कदम आगे और दो कदम पिछे नहीं बल्कि दो कदम आगे और एक कदम पिछे की रणनीति के तहत सर्वदलीय बैठक में शामिल होने का फ़ैसला किया है। नीतीश जी को सिर्फ़ इसी से मतलब था। जातीय जनगणना के सवाल पर पिछले कुछ दिनों से चल रहे नाटक को देख कर जो लोग नई सरकार बनने की उम्मीद लगाए बैठे थे वे जरूर निराश हुए होंगे।