ब्रेकिंग
MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!✦MLC राहुल राज और बंशीधर ब्रजवासी की सदस्यता रद्द करने की मांग, RJD ने सभापति को सौंपा ज्ञापन✦Bihar Ration Card : अब राशन दुकानों पर AI की नजर! 60 हजार PDS दुकानों का डिजिटल रिकॉर्ड तैयार, फर्जी कार्ड और कालाबाजारी पर लगेगी लगाम✦ छठ से पहले प्रशासन का बड़ा एक्शन! KFC-डोमिनोज समेत कई दुकानों पर छापेमारी, गड़बड़ी मिलने पर लगा जुर्माना✦ IG से भिड़ने वाली महिला DSP को बड़ी राहत...सरकार ने दी क्लिनचिट, हाईकोर्ट के आदेश पर दुबारा पक्ष सुना गया, इसके बाद आरोप से किया गया मुक्त ✦बिहार TRE-4 में नौकरी की महाभारत! 33 हजार पदों के लिए 9.95 लाख युवाओं ने ठोकी दावेदारी, एक सीट पर 30 की टक्कर!

विधायकों की पिटायी से नाराज RJD के सीनियर नेताओं ने नीतीश सरकार पर बोला हमला, स्पीकर की भूमिका पर भी उठाए सवाल

PATNA : बिहार विधानसभा में मंगलवार को हुए हंगामे और विधायकों की पिटाई के बाद अब आरजेडी इस मुद्दे को लेकर और आक्रामक हो गई है. आरजेडी के सीनियर नेताओं ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस क

विधायकों की पिटायी से नाराज RJD के सीनियर नेताओं ने नीतीश सरकार पर बोला हमला, स्पीकर की भूमिका पर भी उठाए सवाल
Anamika
2 मिनट

 PATNA : बिहार विधानसभा में मंगलवार को हुए हंगामे और विधायकों की पिटाई के बाद अब आरजेडी इस मुद्दे को लेकर और आक्रामक हो गई है. आरजेडी के सीनियर नेताओं ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस कर नीतीश सरकार पर हमला किया है. आरजेडी के वरिष्ठ नेताओं ने विधानसभा में स्पीकर की भूमिका पर भी सवाल खड़े किए हैं.

 पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह के साथ-साथ राष्ट्रीय महासचिव अब्दुल बारी सिद्धकी, श्याम रजक और पार्टी के वरिष्ठ नेता पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने प्रेस को संबोधित किया है.

पूर्व विधानसभा अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने स्पीकर की भूमिका पर सवाल खड़े करते हुए कहा है कि उनके पास सदन की नियमावली के मुताबिक कई विकल्प थे. विधेयक को प्रवर समिति के पास विचार के लिए भेजा जा सकता था, लेकिन ऐसा नहीं किया गया. स्पीकर का प्रयास किया होता है कि विपक्ष से बातचीत कर मामले का हल निकाले. इसके लिए जरूरी हो तो ट्रेजरी बेंच के लोगों को साथ बैठे हैं, लेकिन मंगलवार की घटना के दौरान ऐसा प्रयास नहीं दिखा.

जगदानंद सिंह ने विधानसभा में हुई घटना को शर्मनाक बताते हुए कहा कि विधानसभा का गौरवशाली इतिहास से कलंकित हुआ है. विधायकों को जूतों से पीटा गया जो लोकतंत्र को शर्मसार करता है.

पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अब्दुल बारी सिद्धकी ने सीएम पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्होंने लोकतंत्र की तितांजली दे दी है. मैं कल की घटना से बहुत ही दुखी हूं. कैसे एक महिला विधायक को बाहर फेंकवा दिया गया. यह सब देख के अब मुझे लगता है कि अच्छा हुआ कि मैं उस सदन का सदस्य नहीं हूं.