1st Bihar Published by: RITESH HUNNY Updated Oct 10, 2024, 4:16:06 PM
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SAHARSA: सहरसा के महिषी प्रखंड में सवा लाख की आबादी बाढ़ से प्रभावित है। ऐसे में जिला प्रशासन ने बाढ़ पीड़ितों के बीच सूखा राशन देने के लिए पंचायत में राहत सामग्रियों को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया लेकिन महिषी प्रखंड के तेलवा पंचायत में बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री नहीं मिल पाया है। गुरुवार को दर्जनों बाढ़ पीड़ित सहरसा जिलाधिकारी के आवास पर पहुंचे और वहां जमकर विरोध प्रदर्शन करने लगे।
सहरसा डीएम से राहत उपलब्ध करवाने की मांग करने लगे। महिषी प्रखंड के तेलवा पंचायत खोराबरतर गांव वार्ड 03 के दर्जनों महिला बाढ़ पीड़ित माधुरी राम, तैती देवी, सहजी देवी, सबों देवी, कविता, प्रमिला देवी गायत्री देवी, जयमाला देवी समेत अन्य ने बताया कि बीते 30 सितंबर को पश्चिमी कोसी तटबंध टूट जाने के कारण बाढ़ का पानी पूरे इलाके में फैल गया। जिसकी वजह से कई घर बाढ़ के पानी में डूब गया। जिसके बाद ग्रामीण कोसी बांध पर शरण लिए हुए हैं।
दरअसल सरकार की ओर से सूखा राशन वार्ड सदस्य को मुहैया कराया गया। वार्ड सदस्य अमेरिका देवी ने बाढ़ राहत सामग्री अपने घर पर ही रख लिया। उनसे बाढ़ राहत सामग्री की मांग की गई उन्होंने धमकी भरे लहजे में कहा मेरा मन होगा तो देंगे नहीं तो नहीं देंगे। राशन सामग्री नहीं मिलने से नाराज बाढ़ पीड़ितों ने महिषी अंचलाधिकारी और प्रखंड विकास पदाधिकारी को इस बात की सूचना फोन करके दी। उन्हें आश्वासन दिया गया कि जल्द ही राशन उपलब्ध करा दिया जाएगा।
जिसके बाद 1 किलो चावल और मात्र 1 किलो चूरा देकर खानापूर्ति की गई। इसे लेकर बाढ़ पीड़ित सहरसा जिला पदाधिकारी के आवास पर पहुंच गये और प्रदर्शन करने लगे। बाढ़ पीड़ितों ने राशन और राहत सामग्री उपलब्ध कराने की मांग की। कहा की वार्ड सदस्य घर पर राशन रखे हुए हैं वो बाढ़ पीड़ितों को राशन नहीं दे रहे हैं। सहरसा डीएम आवास पर प्रदर्शन कर रहे बाढ़ पीड़ितों ने डीएम से मदद की गुहार लगा रहे हैं।