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1st Bihar Published by: First Bihar Updated Sun, 19 Nov 2023 11:02:50 AM IST
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PATNA : पटना में छठ पर्व को लेकर नौ घाटों पर व्रतियों के जाने पर रोक है। खतरनाक घाट में मीनार घाट, एलसीटी घाट, राजापुर पुल घाट शामिल है। इन घाटों पर स्लोप अधिक होने व पानी की गहराई ज्यादा होने से इन घाटों पर जाने की मनाही है। वहीं मिश्री घाट, टीएन बनर्जी घाट, अंटा घाट, अदालत घाट, कृष्णा घाट व पत्थर मस्जिद घाट अनुपयुक्त है।
इसके साथ ही गांधी घाट और कृष्णा घाट पर जल स्तर काफी कम हो गया है, जिससे ये छठ पूजा के लिए अनुपयुक्त हो गये हैं। जिला प्रशासन ने अपील की है कि पास के घाटों पर छठ पूजा सुविधाजनक ढंग से की जा सकती है। इसलिए नजदीक के कलेक्ट्रेट घाट, महेंद्र घाट, पटना कॉलेज घाट, लॉ कॉलेज घाट आदि का इसके लिए उपयोग किया जाये।
दरअसल, पटना में गंगा नदी के जल स्तर में हर दिन तीन से चार सेंटीमीटर कमी हो रही है। इसके कारण अशोक राजपथ के किनारे बने एक दर्जन से अधिक पक्के छठ घाटों पर पानी के अंदर की गई बैरिकेडिंग बेकार हो गयी है।
मालुम हो कि, एक सप्ताह पहले बैरिकेडिंग शुरू करते समय पानी किनारे से इनकी दूरी 20 से 30 फुट तक थी,जो अब घट कर महज पांच-सात फुट रह गयी है। लिहाजा बहुत से घाट को अनुपयुक्त बताया गया है।
लोक आस्था का महापर्व छठ के चार दिवसीय अनुष्ठान के दूसरे दिन शनिवार को खरना संपन्न हो गया। इसके साथ ही व्रतियों का 36 घंटे का निर्जला व्रत शुरू हो गया। रविवार को व्रती रवियोग व द्विपुष्कर योग में भगवान भाष्कर को सायं कालीन अर्घ देंगे। सोमवार को कार्तिक शुक्ल सप्तमी के दिन धनिष्ठा नक्षत्र व ध्रुव योग के शुभ संयोग में उदयकालीन सूर्य को अर्घ देंगे। इसके बाद ही व्रती प्रसाद व जल ग्रहण करेंगे।