पटना के इन 10 इलाकों में सबसे ज्यादा फैला कोरोना, हर दिन मौत फिर भी तीसरी लहर को हल्का क्यों मानें?

पटना के इन 10 इलाकों में सबसे ज्यादा फैला कोरोना, हर दिन मौत फिर भी तीसरी लहर को हल्का क्यों मानें?

PATNA : बिहार में कोरोना की तीसरी लहर अपनी पिक की तरफ से आगे बढ़ रहा है राज्य में हर दिन कोरोनावायरस की संख्या में इजाफा हो रहा है और सबसे ज्यादा संक्रमित राजधानी पटना में ही पाए जा रहे हैं. पटना में पिछले 4 दिनों के अंदर जिन इलाकों में सबसे ज्यादा संक्रमित पाए गए हैं. उनके आंकड़े फर्स्ट विहार आपको बताने जा रहा है. राजधानी के शास्त्रीनगर इलाके में सबसे ज्यादा 74 मरीजों की पहचान की गई है. इसके अलावा रूपसपुर इलाके में 54 संक्रमित पाए गए हैं. जबकि कंकड़बाग इलाके में पिछले 4 दिनों के अंदर 45 मरीजों की पुष्टि हुई है. इसी तरह श्रीकृष्णापुरी में 30 पाटलिपुत्र में 37, फुलवारी शरीफ में 35. कदम कुआं में 33, बुद्धा कॉलोनी में 30 राजीव नगर में 30 और अगमकुआं में 27 मरीजों की पहचान की जा चुकी है.


ऐसा नहीं है कि केवल इन इलाकों में ही नए संक्रमित पाए जा रहे हैं. इन आंकड़ों की एक दूसरी तस्वीर भी है पटना के कई ऐसे इलाके जहां से मरीज नहीं मिले हैं. वहां के रहने वाले लोग पूर्ण की जांच में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं. यही वजह है कि इन इलाकों में आंकड़े पारदर्शी तरीके से सामने नहीं आ पा रहे. लोगों ने कोरोना की तीसरी लहर को बिल्कुल हल्का मान लिया है. इसी वजह से अब टेस्ट कराने से कतरा रहे हैं. हालांकि इस लहर को हल्का मानने के बावजूद मौत के आंकड़े एक बार फिर बढ़ने लगे हैं. बुधवार को कुल 6 मरीजों की मौत हुई. जिनमें एम्स के अंदर तीन आईजीआईएमएस में एक पारस में दो कोरोना मरीजों की मौत शामिल है. पटना में पॉजिटिविटी रेट बढ़ कर 20.65 जा पहुंचा है.


बुधवार को पटना एम्स में 21 नए मरीज भर्ती हुए हैं इनमें से 13 की उम्र 40 साल से कम है. मंगलवार को भी ऐसे 7 मरीज भर्ती हुए थे जिनकी उम्र 40 साल से कम रही है. कोरोना की तीसरी लहर की चपेट में जिन मरीजों को एडमिट होना पड़ा है. उनकी उम्र 16 से 40 साल के बीच ज्यादा पाई जा रही.