ब्रेकिंग
लालू-राबड़ी की सुरक्षा के मामले में बैकफुट पर सरकार: दोनों को मिली Z श्रेणी की सुरक्षा और बुलेटप्रूफ गाड़ीलालू यादव और राबड़ी देवी की जेड कैटेगरी सुरक्षा बहाल, मिलेगी बुलेटप्रूफ गाड़ी; बैकफुट पर सरकारबिहार में 3687 असिस्टेंट प्रोफेसर पदों पर भर्ती का शेड्यूल जारी, 15 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदनबांकीपुर उपचुनाव को लेकर पटना पुलिस अलर्ट, गड़बड़ी करने वालों पर CCA के तहत होगी कार्रवाई; जेल से छूटे अपराधियों पर पैनी नजरबिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की बड़ी कार्रवाई, टेंडर घोटाले का आरोपी सीनियर अधिकारी सस्पेंडलालू-राबड़ी की सुरक्षा के मामले में बैकफुट पर सरकार: दोनों को मिली Z श्रेणी की सुरक्षा और बुलेटप्रूफ गाड़ीलालू यादव और राबड़ी देवी की जेड कैटेगरी सुरक्षा बहाल, मिलेगी बुलेटप्रूफ गाड़ी; बैकफुट पर सरकारबिहार में 3687 असिस्टेंट प्रोफेसर पदों पर भर्ती का शेड्यूल जारी, 15 जुलाई तक ऑनलाइन आवेदनबांकीपुर उपचुनाव को लेकर पटना पुलिस अलर्ट, गड़बड़ी करने वालों पर CCA के तहत होगी कार्रवाई; जेल से छूटे अपराधियों पर पैनी नजरबिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की बड़ी कार्रवाई, टेंडर घोटाले का आरोपी सीनियर अधिकारी सस्पेंड

बिहार : ड्रोन और हेलीकॉप्टर के बाद अब मोटरबोट के जरिए शराब पर नकेल कसने की तैयारी, सरकार ने कंपनियों से मांगा प्रस्ताव

PATNA : बिहार में सरकार शराब को लेकर काफी सख्त है। ड्रोन और हेलीकॉप्टर के बाद अब सरकार शराब कारोबारियों पर नकेल कसने के लिए अब मोटरबोट का भी इस्तेमाल करेगी। मद्य निषेध विभाग ने इसक

बिहार : ड्रोन और हेलीकॉप्टर के बाद अब मोटरबोट के जरिए शराब पर नकेल कसने की तैयारी, सरकार ने कंपनियों से मांगा प्रस्ताव
Mukesh Srivastava
2 मिनट

PATNA : बिहार में सरकार शराब को लेकर काफी सख्त है। ड्रोन और हेलीकॉप्टर के बाद अब सरकार शराब कारोबारियों पर नकेल कसने के लिए अब मोटरबोट का भी इस्तेमाल करेगी। मद्य निषेध विभाग ने इसको लेकर योजना बनाई है। इसके लिए कंपनियों से प्रस्ताव मांगा गया है। शराब के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए सरकार तीन साल के लिए नदियों में मोटरबोट से निगरानी कराएगी।


हाल के दिनों में ऐसा देखा गया है कि शराब कारोबारी नदियों के किनारे दियारा इलाकों में शराब बनाने और उसका भंडारण करने का काम कर रहे हैं। लिहाजा मद्य निषेध विभाग की ओर से शराब के अवैध कारोबार को जड़ से खत्म करने के लिए नदियों और नदी के इलाकों पर विशेष नजर रखी जा रही है। सामान्य नावों से दियारा इलाकों में छापेमारी करने में काफी परेशानियां आ रही हैं।


 इसलिए विभाग ने इसके लिए बड़े पैमाने पर मोटरबोट का इस्तेमाल करने की योजना बनाई है। गंगा नदी से लगे इलाकों में मोटरबोट का इस्तेमाल किया जा रहा है लेकिन दूसरी नदियों में भी मोटरबोट से निगरानी के लिए बड़ी संख्या में मोटरबोट की आवश्यता है। राज्य सरकार फिलहाल तीन साल के लिए कंपनियों से मोटरबोट की सेवा लेगी। आगे जरूरत के अनुसार एक साल या दो साल के लिए सरकार मोटरबोट की सेवा आगे बढ़ा सकती है। मोटरबोट के रखरखाव की जिम्मेवारी भी कंपनियों की ही होगी।


मद्य निषेध विभाग की ओर से फुल बॉडी ट्रक स्कैनर के लिए भी टेंडर जारी किया गया है। इसे राज्य की सीमा पर प्रवेश वाले पांच चेकपोस्टों पर लगाया जाएगा। ट्रक को इससे होकर गुजारा जाएगा। इससे ट्रक से सामान उतारे बिना भी पता चल जाएगा कि उसके अंदर शराब है या नहीं।