बालू माफिया की गुंडागर्दी ! DM की गाड़ी को ओवरलोड ट्रक ने मारी टक्कर,फिर...

बालू माफिया की गुंडागर्दी ! DM की गाड़ी को ओवरलोड ट्रक ने मारी टक्कर,फिर...

LAKHISARAI : बिहार में बालू माफिया का गुंडाराज देखने को मिल रहा है। ऐसे में राज्य के अंदर अवैध बालू खनन और ओवरलोडिंग रोकना एक बड़ी चुनौती बन गई है। ऐसे में अब लखीसराय जिले में  बालू ओवरलोड ट्रक ने डीएम के वाहन टक्कर मार दी। इस घटना में डीएम बाल बाल बचे हैं। डीएम की गाड़ी में जिस वाहन से ठोकर मारी है उसके नंबर प्लेट गायब थे। 


मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार की सुबह शहर के बाइपास में एक तेज रफ्तार बिना नंबर के ट्रक ने डीएम अमरेंद्र कुमार की गाड़ी में टक्कर मार दी. हालांकि, इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। डीएम के वाहन में हल्की खरोंच आ गयी। यह घटना उस वक्त हुई जब जिलाधिकारी पटना से लखीसराय जा रहे थे। 


बताया जा रहा है कि, शहर के बाइपास में स्थित यातायात थाना के पास बालू लदा एक ट्रक आते देख डीएम ने अपनी वाहन खड़ी कर अपने बॉडी गार्ड से ट्रक रुकवाने को कहा। बॉडीगॉर्ड ने डीएम के आदेश पर जैसे ही ट्रक को रुकने का इशारा किया, ट्रक चालक वाहन की गति और तेज कर दी। जिससे डीएम ने आक्रोशित होकर बालू लदे ट्रक को पचना रोड बाइपास मोड़ के पास ओवरटेक कर रोकने की कोशिश की, लेकिन ट्रक चालक ने वाहन को ओवरब्रिज की ओर न ले जाकर डीएम के वाहन को ठोकर मारते हुए पतनेर मार्ग की ओर मोड़ दिया। जिससे डीएम के वाहन में खरोंच आ गयी। इस घटना के वक्त डीएम के साथ उनकी एस्कॉर्ट टीम नहीं थी।


उसी दौरान डीएम द्वारा एसपी पंकज कुमार सहित अन्य पुलिस पदाधिकारियों को फोन कर इसकी सूचना दी गयी। सूचना के बाद पुलिस हरकत में आई और फिर कवैया थाना पुलिस व परिवहन विभाग की टीम अपनी जिप्सी लेकर पतनेर की ओर गये, जहां ट्रक चालक वाहन को खड़ा कर फरार हो गया था।इसके बाद कवैया थाना पुलिस व खनन विभाग के द्वारा पतनेर गांव के पास ट्रक को जब्त किया गया। इस संबंध में खनन पदाधिकारी रणधीर कुमार ने बताया कि ट्रक को जब्त कर लिया गया है. मामले में कार्रवाई की जा रही है।


आपको बतात्ते चलें कि, जिले में बालू माफिया का मनोबल बढ़ा हुआ है  माफियाओं द्वारा किऊल नदी से ट्रैक्टर से बालू चोरी कर बालू का स्टॉक कर लिया जाता है। इसके बाद ट्रक पर लोड कर बालू को बेचा जा रहा है. जिस पर जिला पुलिस प्रशासन रोक लगाने में अक्षम साबित हो रहा है, जबकि किऊल नदी से आने वाले राजस्व को भारी घाटा हो रहा है।