1st Bihar Published by: 7 Updated Jul 31, 2019, 5:04:36 PM
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PATNA : PATNA : खगोलविद आर्यभट्ट की कर्मस्थली 'तारेगना खगौल' को एस्ट्रो टूरिज्म सर्किट के रूप में विकसित करने की मांग सांसद रामकृपाल यादव ने संसद में उठाया है. बीजेपी सांसद ने तारेगना डीह और चक्रदाहा को विकसित करने की मांग की है. उन्होंने सदन में एस्ट्रो टूरिज्म और खगोलीय वेधशाला (Astronomical Observatory) निर्माण कराने की मांग की है. इस परियोजना के तहत, आर्यभट्ट की कर्मस्थली, पटना से सटे तारेगना (मसौढ़ी) को उनके ऐतिहासिक तथा खगोलीय महत्व के अनुसार विकसित किया जाना है. इन जगहों पर ‘थीम बेस्ड एरिया एस्ट्रोनॉमी सेंटर’, संग्रहालय एवं खगोलीय वेधशाला की स्थापना का प्रस्ताव है . खगोलीय वेधशाला में टेलीस्कोप सहित अनेक उपकरण होंगे. आर्यभट्ट की कर्मस्थली रही मसौढ़ी का अब विकास होगा. बता दें कि तारेगना (मसौढ़ी), तारेगना टॉप (बिहटा) और खगौल करीब 30 - 30 किमी की दूरी पर हैं. तीनों स्थानों को मिलाकर एक खास खगोलीय त्रिकोण बनता है, जो तारों और ग्रहों की सटीक गणना में काफी मददगार होता है. ऐसे ऐतिहासिक प्रमाण मिले हैं कि तारेगना में आर्यभट्ट की वेधशाला थी जहां से वह शोध करते थे. ऐसे में यहां पर एस्ट्रो टूरिज्म सेंटर स्थापित करना महत्वपूर्ण है.