1st Bihar Published by: Updated Apr 01, 2021, 12:24:27 PM
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PATNA : बिहार सरकार के मजदूरों के लिए एक अप्रैल से नई न्यूनतम मजदूरी दर तय कर दी गई है. बता दें कि परिवर्तनशील महंगाई भत्ते में वृद्धि के आधार पर सरकार साल में दो बार मजदूरी तय करती है. साल में दो बार एक अप्रैल और एक अक्टूबर को न्यूनतम मजदूरी दर में बढ़ोतरी की जाती है. इस साल भी 1 अप्रैल यानि आज से न्यूनतम मजदूरी में बढ़ोतरी कर दी गई है.
इसे लेकर श्रम संसाधन विभाग ने नोटीफीकेशन जारी कर दिया है. इस बारे में श्रम संसाधन मंत्री जिवेश कुमार ने बताया कि प्रदेश के श्रमिकों एवं युवाओं को आत्मनिर्भर बनाये जाने एवं स्वरोजगार हेतु प्रेरित किये जाने के साथ राज्य में उनकी क्षमता के अनुरूप रोजगार दिलाने के उदेश्य से श्रम संसाधन विभाग, निरंतर क्रियाशील है|
आप सभी जानते हैं कि विभाग के द्वारा प्रत्येक छमाही न्यूनतम मजदूरी दर का पुनरीक्षण किया जाता है, जो न्यूनतम मजदूरी अधिनियम 1948 (1948 का 11) की धारा 5 के साथ वर्णित उक्त अधिनियम की धारा 3 के तहत प्रदत शक्तियों का प्रयोग करते हुए राज्यपाल बिहार के द्वारा किया जाता है. पुनरीक्षित दर, परिवर्तनशील महंगाई अखिल भारतीय उपभोक्ता मूल्य सूचिकांक के औसत बिंदु पर आधारित होता है.
1 अप्रैल 2021 से तय की गई न्यूनतम मजदूरी दर-
अकुशल मजदूर – 304 रूपये प्रतिदिन
अर्धकुशल - 316 रूपए प्रतिदिन
कुशल - 385 रूपए प्रतिदिन
अतिकुशल – 470 रूपए प्रतिदिन
पर्यवेक्षकीय/ लिपिकीय – 8703 रूपए माह

इसके बारे में बताते हुए श्रम संसाधन मंत्री जिवेश कुमार ने बताया कि उक्त दरें सभी सरकारी और गैर सरकारी संगठन/ कंपनी और संस्थानों में कार्यरत कामगारों के लिये है, जिसका अनुपालन सभी को करना अनिवार्य है. उन्होंने कहा कि प्रदेश में उपलब्ध संसाधनों एवं रोजगार की सम्भावनाओं को साथ लेकर आर्थिक एवं सामाजिक विकास के प्रति भी हम सब निरन्तर क्रियाशील हैं, और इसका परिणाम आपको दिख रहा है.