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सिर्फ एक चूक और कहर बनकर टूटा कोरोना, एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत

DHANBAD : एक परिवार को कोरोना से जुड़ा गाइडलाइन को नजरअंदाज करना बेहद महंगा पड़ा. मामला झारखंड के धनबाद का है, जहां कोरोना वायरस से अब तक एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत हो चुक

FirstBihar
Anamika
3 मिनट

DHANBAD : एक परिवार को कोरोना से जुड़ा गाइडलाइन को नजरअंदाज करना बेहद महंगा पड़ा. मामला झारखंड के धनबाद का है, जहां कोरोना वायरस से अब तक एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत हो चुकी है. जबकि परिवार का छठा सदस्य अभी भी अस्पताल में भर्ती है.

मिली जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि कतरास के रहने वाले चौधरी परिवार की 90 साल की एक बुजुर्ग महिला अपने पोते की शादी में शामिल होने 27 जून को  दिल्ली गई थी.  जहां से आने के बाद बुजुर्ग महिला की तबीयत बिगड़ गई और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया.  वहां पता चला की महिला कोरोना संक्रमित है और इलाज के दौरान 4 जुलाई को महिला की मौत हो गई. 

महिला की मौत के बाद पूरे परिवार समेत आसपास के 70 लोगों की जांच कराई गई, जिसमें से महिला के तीन बेटे कोरोना संक्रमित पाए गए. महिला के दो बेटे पहले से ही हृ्दय और फेफड़े संबंधी रोग से ग्रसित थे. जिसके बाद सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया. जहां धनबाद के सरकारी अस्पताल में एक बेटे की मौत हो गई, जबकि दूसरे बेटे ने कोविड स्पेशल अस्पताल में दम तोड़ दिया. वहीं महिला के तीसरे बेटे की मौत रांची के रिम्स में हो गई. महिला के चौथे बेटे की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई थी लेकिन उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी. इसके बाद उसे जमशेदपुर के टाटा मेमोरियल अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहां उसकी भी मौत हो गई. महिला का छठा बेटा अभी दिल्ली में है और कोरोना पॉजिटिव होने के बाद उसे भी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. 

मिली जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि  परिवार से सबसे बड़ी गलती ये हुई कि कोरोना से मौत के बाद ICMR के दिशा-निर्देशों की जगह सामान्य तरीके से अंतिम संस्कार किया गया जिससे बाद दूसरों में भी संक्रमण फैल गया. एक भूल ने महिला के पूरे परिवार को खत्म कर दिया.