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BPSC Success Story: अरवल के अनुभव, गया की अंजली प्रभा, जमुई की मेघा रानी ने बिहार का नाम किया रोशन, घर में खुशी का माहौल

PATNA: बिहार लोक सेवा आयोग ने 68वीं संयुक्त परीक्षा का फाइनल रिजल्ट सोमवार की शाम जारी कर दिया। इस परीक्षा में 322 अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं, जिसमें अरवल जिले के आईयारा गा

BPSC Success Story: अरवल के अनुभव, गया की अंजली प्रभा, जमुई की मेघा रानी ने बिहार का नाम किया रोशन, घर में खुशी का माहौल
Jitendra Vidyarthi
5 मिनट

PATNA: बिहार लोक सेवा आयोग ने 68वीं संयुक्त परीक्षा का फाइनल रिजल्ट सोमवार की शाम जारी कर दिया। इस परीक्षा में 322 अभ्यर्थी सफल घोषित किए गए हैं, जिसमें अरवल जिले के आईयारा गांव के अनुभव कुमार भी शामिल हैं। अनुभव बीपीएससी के सेकंड टॉपर हैं। जिन्होंने अपने जिले अरवल का नाम रोशन किया है। फर्स्ट टॉपर पटना की प्रियांगी मेहता हैं। टॉप टेन में 6 महिला अभ्यर्थी शामिल हैं। पहली टॉपर प्रियांगी मेहता, दूसरे टॉपर अनुभव, तीसरी टॉपर प्रेरणा सिंह, चौथी टॉपर अंजली जोशी, पांचवा टॉपर सौरभ रंजन, छठे टॉपर आसीम खान, सातवीं टॉपर अंजली प्रभा, आठवीं टॉपर अनुकृति मिश्रा, नौवे टॉपर आकाश कुमार और 10वीं टॉपर मिमांशा बनी हैं। 


गया की बिटिया अंजलि प्रभा ने भी अपने जिले का नाम रोशन किया है। 68वीं बीपीएससी में 7वां रैंक हासिल कर अंजलि प्रभा रजिस्ट्रार बन गयी है। अंजलि प्रभा की सफलता से उनका पूरा परिवार काफी खुश है। अंजली प्रभा का कहना है यह मेरा दूसरा प्रयास है। पहले प्रयास में 158 रैंक मिला था। लेकिन मुझे बेहतर रैंक चाहिए था तो हमने दुबारा परीक्षा दी। उम्मीद थी दो अंकों में स्थान मिलेगा लेकिन एक अंक वाली श्रेणी में ही मुझे 7वां स्थान मिल गया।


अंजली प्रभा का कहना है कि यह मेरा अंतिम लक्ष्य नहीं है। आईएएस बनना अभी बाकी है। क्योंकि बचपन से यहीं दिमाग में था,और अब भी है और इस पर मेरा कॉन्स्टेंट फोकस है। अंजली प्रभा ने बताया कि मेरे पिता ब्रह्मचारी अजय कुमार सरकारी शिक्षक हैं। मां नीलम देवी हाउस वाइफ है। अंजली ने बताया कि मेरी 12 वीं तक कि पढ़ाई केंद्रीय विद्यालय से हुई है। ग्रेजुएशन दिल्ली से हुआ। दिल्ली में ही कोरोना काल के बाद आईएएस की ऑनलाइन कोचिंग लिया। इसके बाद नालंदा ओपन यूनिवर्सिटी से मास्टर डिग्री कर रही हूं। बताया कि बीपीएससी के लिए शुरू में आठ घण्टे और परीक्षा के नजदीक आने पर 12 घंटे की पढ़ाई की है।


अंजलि ने बताया कि गोल पर कॉन्स्टेंट फोकस और मेहनत बेहद जरूरी है। इस सफलता का श्रेय वह सबसे पहले भगवान को देती हैं फिर अपने दोस्तों को और माँ-पिता को दे रही हैं। अंजली ने बताया कि इस बार का 300 नम्बर का निबंध था। जिसमें बेहतर परिणाम मिले। इंटरव्यू के बारे में बताया कि मुझे इधर-उधर के सवालों में नहीं उलझाया गया।


वही जमुई में दूसरी बार में सफलता हासिल करने वाली मेघा रानी ने 196 रैंक लाकर स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर बनी हैं। मेघा यूपीएससी की तैयारी करना चाहती थी लेकिन परिजनों के कहने पर बीपीएससी की तैयारी में जुट गयी। मेघा ने जमुई जिले का नाम रोश किया है। यूपीएससी की तैयारी करने वाली झाझा की रहने वाली बिटिया ने बीपीएससी 68 की परीक्षा में 196 रैंक लाकर सफलता हासिल करते हुए स्टेट टैक्स असिस्टेंट कमिश्नर के पद प्राप्त किया है। मेघा रानी अपने परिवार सहित पूरे जिला का नाम रोशन करने का काम किया है। 


मेघा रानी के सफलता पर परिवार सहित पूरे क्षेत्र में लोगों के बीच खुशी का माहौल है।बस स्टैंड में रहने वाले मनोज कुमार की पुत्री मेघा रानी ने बताया कि विद्यालय में कोई आईपीएस,आईएएस मुख्य अतिथि में आते थे मेरे मन में एक दिन आईपीएस, आईएएस बनने का ख्याल जागा जिसके बाद अपने घरवालों को अपनी इच्छा शेयर की। घर वालों ने इस पर मेरी काफी मदद की। उन्होंने बीपीएससी की तैयारी करने को कहा। 


जिसके बाद पहली बार परीक्षा दी लेकिन सफलता नहीं मिली तब फिर घरवालों के कहने पर दूसरी बार परीक्षा में बैठी और घरवालों के सपनों को साकार किया। मेरे पापा जब दिल्ली स्थित बैंक में थे तो उस वक्त मैंने तैयारी शुरू की लेकिन लॉकडाउन के कारण घर आए लेकिन यहां पर लाइब्रेरी या अन्य कई महत्वपूर्ण किताबें नहीं मिल पा रही थी जिसके बाद मैने ऑनलाइन क्लास, यूटयूब का सहारा लिया और वहां से काफी कुछ सीखने को मिला जिसका फायदा मुझे इस  सफलता में मिली।