CNG price hike: पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों से पहले ही परेशान आम लोगों को अब सीएनजी (CNG) के मोर्चे पर भी राहत मिलती नहीं दिख रही है। कभी सस्ता और किफायती ईंधन मानी जाने वाली सीएनजी लगातार महंगी होती जा रही है। मंगलवार, 26 मई को गैस वितरण कंपनियों ने उपभोक्ताओं को एक और बड़ा झटका दिया है।
राजधानी दिल्ली में सीएनजी की कीमत में सीधे 2 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी की गई है। इस बढ़ोतरी के बाद अब दिल्ली में सीएनजी की नई कीमत 83.09 रुपये प्रति किलो हो गई है। यह बढ़ोतरी इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि महज 12 दिनों के भीतर चौथी बार सीएनजी के दाम बढ़ाए गए हैं। इससे नौकरीपेशा लोगों से लेकर ऑटो, टैक्सी और अन्य कमर्शियल वाहन चालकों तक सभी का मासिक बजट प्रभावित हो गया है।
बढ़ोतरी से पहले दिल्ली में सीएनजी का भाव 81.09 रुपये प्रति किलो था। हर बार गैस स्टेशन पहुंचने पर उपभोक्ताओं को पहले से ज्यादा कीमत चुकानी पड़ रही है। लगातार बढ़ती कीमतों ने उन मध्यमवर्गीय परिवारों की चिंता भी बढ़ा दी है, जिन्होंने पेट्रोल-डीजल के महंगे खर्च से बचने के लिए सीएनजी वाहनों का विकल्प चुना था।
सीएनजी की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी के पीछे वैश्विक कारण बताए जा रहे हैं। गैस वितरण कंपनी IGL के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में प्राकृतिक गैस की कीमतों में भारी इजाफा हुआ है।
इसके अलावा अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की कमजोरी ने भी गैस आयात को महंगा बना दिया है। जब डॉलर मजबूत होता है, तो विदेशों से गैस खरीदने की लागत बढ़ जाती है। इसी बढ़ती लागत का सीधा असर घरेलू बाजार में सीएनजी की खुदरा कीमतों पर पड़ रहा है।
बार-बार हो रही कीमतों में वृद्धि से आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ता जा रहा है। खासतौर पर वे लोग सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं, जो रोजमर्रा की यात्रा या कमाई के लिए सीएनजी वाहनों पर निर्भर हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय बाजार में गैस की कीमतों और डॉलर की स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में सीएनजी के दामों में और बढ़ोतरी हो सकती है।

