ब्रेकिंग
फ्लाईदुबई पायलट स्मित मच्छार से मिले दुबई के क्राउन प्रिंस, अजय देवगन ने भी की बहादुरी की तारीफ✦जितिया के दिन युवक ने मां-नाना-नानी समेत 4 की हत्या कर दी, 5 लोगों को किया घायल, आरोपी को पुलिस ने दबोचा ✦शराबबंदी वाले बिहार में सूखे नशे का कहर: मधुबनी में चाकूबाजी की तीन घटनाएं✦'नई नवेली' फिल्म की रिलीज से पहले पटना साहिब गुरुद्वारा पहुंचीं बॉलीवुड एक्ट्रेस यामी गौतम, मत्था टेक लिया आशीर्वाद✦कोर्ट में पेशी के बाद दिल्ली से पटना लौटी लालू फैमिली, तेजस्वी यादव बोले- BJP से मिल जाते तो राजा हरिश्चंद्र होते✦फ्लाईदुबई पायलट स्मित मच्छार से मिले दुबई के क्राउन प्रिंस, अजय देवगन ने भी की बहादुरी की तारीफ✦जितिया के दिन युवक ने मां-नाना-नानी समेत 4 की हत्या कर दी, 5 लोगों को किया घायल, आरोपी को पुलिस ने दबोचा ✦शराबबंदी वाले बिहार में सूखे नशे का कहर: मधुबनी में चाकूबाजी की तीन घटनाएं✦'नई नवेली' फिल्म की रिलीज से पहले पटना साहिब गुरुद्वारा पहुंचीं बॉलीवुड एक्ट्रेस यामी गौतम, मत्था टेक लिया आशीर्वाद✦कोर्ट में पेशी के बाद दिल्ली से पटना लौटी लालू फैमिली, तेजस्वी यादव बोले- BJP से मिल जाते तो राजा हरिश्चंद्र होते

अस्पताल में बड़ी लापरवाही, प्रेगनेंट महिला को परिवार नियोजन के लिए अस्पताल में कराया भर्ती, फिर किया बेहोश....

SAMASTIPUR : बदहाली के लिए बदनाम बिहार के स्वास्थ्य महकमें में एक और लापरवाही का मामला सामने आया है. जहां एक प्रेगनेंट महिला को परिवार नियोजन ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती

अस्पताल में बड़ी लापरवाही, प्रेगनेंट महिला को परिवार नियोजन के लिए अस्पताल में कराया भर्ती, फिर किया बेहोश....
Anamika
2 मिनट

SAMASTIPUR :  बदहाली के लिए बदनाम बिहार के स्वास्थ्य महकमें में एक और लापरवाही का मामला सामने आया है. जहां एक प्रेगनेंट महिला को परिवार नियोजन ऑपरेशन के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया और वहां महिला को बेहोश भी कर दिया गया, पर जैसे ही डॉक्टर ने उसे देखा ओटी से बाहर निकाल दिया.


मामला  विभूतिपुर प्रखंड के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र विभूतिपुर का हैं, जहां सुरौली वार्ड 3 के निवासी  जय प्रकाश शर्मा की पत्नी बबीता देवी जो 5 महीने के गर्भवती हैं उन्हें  परिवार नियोजन ऑपरेशन के लिए आशा के द्वारा सरकारी अस्पताल में लाया गया. आश्चर्य की बात यह है कि  महिला को ओटी रुम में ले जाया गया और ऑपरेशन की  सारी प्रक्रिया पूरी भी कर ली गई और महिला को बेहोश कर दिया गया.


तब डॉक्टरों ने ऑपरेशन के बेड पर महिला के पेट में ट्यूमर या बच्चा होने की आशंका पर महिला को बेड से उतारकर अस्पताल के बरामदे के फर्श पर सुला दिया. सवाल पूछे जाने पर महिला की मां और आशा ने बताया कि यह 5 महीने की गर्भवती है, जिसे डॉक्टरों ने बेड पर से बाहर कर दिया है. वहीं मौजूद प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर फुलेश्वर प्रसाद सिंह ने हेल्थ मैनेजर संजय कुमार से जानकारी लेने की बात कह कर अपना पल्ला झाड़ लिए और पत्रकारों को इस संबंध में जानकारी देना मुनासिब नहीं समझे और अस्पताल से गायब हो गए.


इतना ही नहीं ऑपरेशन कर रहे डॉक्टर भी अस्पताल से गायब हो गए. अब सवाल उठता है कि बिना जांच कराए या बिना रिपोर्ट देखें महिला को ऑपरेशन रूम में कैसे ले जाया गया और बेहोशी का सुई कैसे दिया गया.  यदि महिला गर्भवती थी और इस हालत में अगर ऑपरेशन हो जाता तो उसकी जान भी जा सकती थी. 

रिपोर्टिंग
R

रिपोर्टर

Ramesh Rai

FirstBihar संवाददाता