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नवजात की मौत के बाद सदर अस्पताल में हंगामा! परिजनों ने लगाया बच्चा बदलने का आरोप

Bihar News: सहरसा सदर अस्पताल में नवजात की मौत के बाद परिजनों के गंभीर आरोपों से हड़कंप मच गया। एसएनसीयू में भर्ती बच्चे की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए बच्चे की अदला-बदली की आशंका जताई है। मामले को लेकर...

नवजात की मौत के बाद सदर अस्पताल में हंगामा! परिजनों ने लगाया बच्चा बदलने का आरोप
Ramakant kumar
3 मिनट

Bihar News: सहरसा सदर अस्पताल के एसएनसीयू में भर्ती एक नवजात शिशु की मौत के बाद रविवार को परिजनों ने जमकर हंगामा किया. परिजनों ने अस्पताल प्रशासन और स्वास्थ्यकर्मियों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाने के साथ ही नवजात को बदलने की आशंका भी जताई है. मामले को लेकर मृत नवजात के पिता ने सदर थाना में आवेदन देकर जांच और कार्रवाई की मांग की है.


मृत नवजात के पिता रवि कुमार, पिता महेश प्रसाद साह, डीबी रोड गांधी पथ निवासी हैं. उन्होंने बताया कि उनकी गर्भवती पत्नी अंजनी कुमारी को प्रसव पीड़ा होने के बाद शुक्रवार को सहरसा सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था. चिकित्सक नीरज कुमार की सलाह पर उसी दिन शाम करीब पांच बजे ऑपरेशन के जरिए बच्चे का जन्म हुआ.


जन्म के बाद बच्चे की हालत कमजोर बताकर उसे एसएनसीयू में भर्ती कर दिया गया. परिजनों के अनुसार, बच्चे को एसएनसीयू में भर्ती किए जाने के बाद उन्हें उससे मिलने नहीं दिया गया. उनका आरोप है कि करीब तीन दिनों तक परिवार के किसी सदस्य को नवजात को देखने की अनुमति नहीं दी गई.


रवि कुमार के अनुसार, रविवार सुबह करीब 10 बजे उन्हें बताया गया कि उनके बच्चे की तबीयत अचानक बिगड़ गई है और उसे सांस लेने में परेशानी हो रही है. परिजनों का आरोप है कि इस जानकारी के बाद भी उन्हें बच्चे से मिलने नहीं दिया गया.


कुछ घंटे बाद अस्पताल की ओर से नवजात की मौत की जानकारी दी गई. इसके बाद परिजन अस्पताल पहुंचे और बच्चे से जुड़ी जानकारी तथा आवश्यक कागजात मांगने लगे. आरोप है कि कागजी कार्रवाई के दौरान उन्हें पूरी जानकारी नहीं दी गई और कुछ दस्तावेज मांगने पर अस्पताल कर्मियों ने प्रमाण देने से भी इनकार कर दिया.


परिजनों ने सबसे गंभीर आरोप नवजात का शव सौंपे जाने के बाद लगाया. उनका कहना है कि जब बच्चे का शव उन्हें दिया गया तो उसके चेहरे की शक्ल और कपड़े जन्म के समय के कपड़ों से अलग थे.


इसी के आधार पर परिजनों को आशंका हुई कि कहीं उनके बच्चे को बदल तो नहीं दिया गया. इस आरोप के सामने आने के बाद अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू हो गया. परिजनों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की.


मामले को लेकर मृत नवजात के पिता रवि कुमार ने सदर थाना में लिखित आवेदन दिया है. उन्होंने अस्पताल में नवजात की मौत की परिस्थितियों की जांच कराने और बच्चे को बदले जाने की आशंका की भी जांच करने की मांग की है.


फिलहाल नवजात की मौत के मामले में अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है. पुलिस आवेदन के आधार पर मामले की जांच कर रही है. परिजनों के आरोपों की सच्चाई जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही स्पष्ट हो सकेगी.