ब्रेकिंग
कैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशानाBihar News: भ्रष्ट DPO को 5 साल की सजा, 2 लाख कैश घूस लेते निगरानी ने 10 साल पहले किया था गिरफ्तारकैबिनेट विस्तार से पहले बजरंगबली के दरबार में शाह-सम्राट: पटना के राजवंशी नगर हनुमान मंदिर में की पूजा-अर्चनाबिहार में AI मिशन को मंजूरी: माननीय से अधिकारी तक पढ़ेंगे AI का पाठ, कैबिनेट के 20 फैसलेबिहार कैबिनेट विस्तार से पहले हलचल तेज: अमित शाह और नितिन नबीन पटना पहुंचे, मंत्रियों की लिस्ट होगी फाइनलसीवान में दिनदहाड़े ज्वेलरी शॉप से 20 लाख की लूट, तेजस्वी यादव ने सम्राट चौधरी पर साधा निशानाBihar News: भ्रष्ट DPO को 5 साल की सजा, 2 लाख कैश घूस लेते निगरानी ने 10 साल पहले किया था गिरफ्तार

Bihar News: बिहार–झारखंड के बीच बनी सैद्धांतिक सहमति, जल्द खत्म होगा 26 साल पुराना विवाद

Bihar News: सोन नदी के जल बंटवारे पर बिहार और झारखंड में सैद्धांतिक सहमति बन गई है। एमओयू के बाद इन्द्रपुरी जलाशय निर्माण का रास्ता साफ होगा, जिससे बिहार के आठ जिलों को सिंचाई लाभ मिलेगा।

Bihar News
बन गई बात
© Google
Mukesh Srivastava
3 मिनट

Bihar News: सोन नदी के जल बंटवारे को लेकर बिहार और झारखंड के बीच सैद्धांतिक सहमति बन गई है। अब दोनों राज्यों के बीच इस संबंध में एमओयू किया जाएगा। बिहार सरकार ने इसकी औपचारिक जानकारी केंद्र सरकार को दे दी है। मुख्य सचिव स्तर पर समझौते पर हस्ताक्षर किए जाएंगे, जिसकी तिथि शीघ्र तय की जाएगी।


जल बंटवारे पर सहमति बनने के बाद बिहार सरकार इन्द्रपुरी जलाशय निर्माण की योजना में जुट गई है। इसके लिए डीपीआर तैयार करने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इस संबंध में प्रस्ताव राज्य मंत्रिपरिषद को भेज दिया गया है। मंत्रिपरिषद की स्वीकृति मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू होगी। इस जलाशय के निर्माण से बिहार के आठ जिलों को सीधा लाभ मिलेगा और सिंचाई सुविधाएं बेहतर होंगी।


पिछले वर्ष केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में पूर्वी रांची में आयोजित पूर्वी क्षेत्रीय परिषद की बैठक में बिहार ने सोन नदी जल बंटवारे का मुद्दा उठाया था। इसके बाद केंद्र सरकार के हस्तक्षेप और झारखंड के सकारात्मक रुख के चलते दोनों राज्यों के बीच औपचारिक सहमति बनी। हाल ही में झारखंड ने बिहार को बंटवारे के फार्मूले पर अपनी सहमति की जानकारी भी दे दी है।


तय फार्मूले के अनुसार सोन नदी के कुल 7.75 मिलियन एकड़ फीट (एमएएफ) पानी में से बिहार को 5 एमएएफ और झारखंड को 2.75 एमएएफ पानी मिलेगा। इससे दोनों राज्यों की लंबे समय से चली आ रही मांगों को समाधान मिला है।


सोन नदी के जल बंटवारे का विवाद बीते 26 वर्षों से बिहार और झारखंड के बीच चला आ रहा था। वर्ष 1973 में वाणसागर समझौता हुआ था, तब विवाद बिहार और उत्तर प्रदेश के बीच था। वर्ष 2000 में राज्य विभाजन के बाद झारखंड ने बिहार के कोटे के पानी में हिस्सेदारी की मांग की। इस तरह 53 साल पहले हुए समझौते का अब जाकर वास्तविक क्रियान्वयन संभव हो सका है।


रोहतास जिले में इन्द्रपुरी बराज से करीब 80 किलोमीटर दूर मटिआंव में इन्द्रपुरी जलाशय का निर्माण प्रस्तावित है। इसकी डीपीआर वर्ष 1990 में केंद्रीय जल आयोग को सौंपी गई थी। हालांकि डैम के 173 मीटर पूर्ण जलाशय स्तर (एफआरएल) पर उत्तर प्रदेश ने आपत्ति जताई थी, क्योंकि इससे ओबरा पनबिजलीघर पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका थी।

रिपोर्टिंग
F

रिपोर्टर

FIRST BIHAR

FirstBihar संवाददाता

संबंधित खबरें